संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। नगर परिषद की ओर से शहर में पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए कार्य किया जा रहा है। पार्कों में हरियाली बनी रहे, इसलिए इन्हें सोसाइटियों को गोद दिया जा रहा है। वहीं नगर परिषद की ओर से मानसून सीजन में शहर की मुख्य सड़कों पर विशेष रूप से 1500 पौधे लगाए गए थे। खास बात यह है कि इनमें से 90 प्रतिशत पौधे सही हालात में हैं।
पौधों को नुकसान न पहुंचे, इसके लिए स्थाई व्यवस्था की गई है। इसके लिए सीमेंट से बनी हुई विशेष जालियां लगाई गई हैं। इनकी ऊंचाई पांच से छह फीट के आस पास हैं। ऐसे में कोई उन्हें नुकसान नहीं पहुंचा सकता है। वहीं, नियमित रूप से टैंकर से पौधों में पानी डलवाया जाता है। पौधों पर लगाई गई जालियां सुंदर लगे, इसके लिए इन पर तीन रंग किए गए हैं।
चोरी के डर से नहीं लगाई लोहे की जालियांनगर परिषद प्रशासन ने दो कारणों से लोहे की जालियां पौधों के ऊपर नहीं लगाई हैं। इनमें सबसे बड़ा कारण है कि लोहे की जालियों को नशा बेचने वाले लोग चुराकर ले जाते हैं। इन्हें कबाड़ में बेचकर अपने नशे की पूर्ति करते हैं। वहीं, इन जालियों में पौधा सुरक्षित नहीं होता है। दरअसल, लोहे की जालियां सीमेंट के बजाय छोटी होती हैं। इसके चलते पशुओं से नुकसान का भी खतरा बना रहता है।
कोट्स
शहर को हरा भरा बनाने के लिए इस मानसून 1500 पौधे लगाए गए थे। उनकी सुरक्षा के लिए मजबूत जालियां लगाई गईं, ताकि पौधों को कोई नुकसान न पहुंचे।
- अतर सिंह खनगवाल, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद