सिरसा। मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की रिपोर्ट के बाद मंगलवार को उपायुक्त पार्थ गुप्ता शहर की सफाई व्यवस्था देखने के लिए फील्ड में उतरे। उपायुक्त ने अपना रूट प्लान बदलते हुए रानियां रोड पर पहुंचे तो सब्जी मंडी डंपिंग प्वाइंट की जगह पर 30 बेसहारा पशु बैठे मिले। इस पर उपायुक्त पार्थ गुप्ता ने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए आदेश दिए कि सभी बेसहारा पशुओं को तुरंत गोशालाओं में पहुंचाया जाए। सड़कों और डंपिंग प्वाइंटों पर बेसहारा पशु नजर नहीं आने चाहिए।
उपायुक्त पार्थ गुप्ता ने मंगलवार को शहर का दौरा कर सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।उपायुक्त के दौरे सूचना मिलने से एजेंसी और नगर परिषद के कर्मचारियों ने सभी डंपिंग प्वाइंट को चमकाने में कसर नहीं छोड़ी। सफेद चूना डालकर डंपिंग प्वाइंट बिल्कुल साफ कर दिए। उपायुक्त के आने का रूट प्लान पहले से बन गया था तो सब साफ सुथरा रहा। अधिकारियों को परेशानी तब हुई जब उपायुक्त ने अपना रूट प्लान बदल दिया और रानियां रोड पर निकल गए। यहां पर डंपिंग प्वाइंट की जगह पर 30 बेसहार पशु बैठे मिले। इसके बाद उपायुक्त ने ईओ को इस संबंध में सख्त आदेश दिए। वहीं जिला नगर आयुक्त वीरेंद्र सहरावत ने गोशाला संचालकों की बैठक बुलाई। उन्होंने गोशाला संचालकों को सख्त निर्देश दिए कि नगर परिषद का अभियान निरंतर चलेगा और उन्हें गोशालाओं में बेसहारा पशुओं को रखना पड़ेगा। इस अवसर पर एसीयूटी शाश्वत सांगवान, ईओ अतर सिंह, कार्यकारी अभियंता राहुल बेरवाल, एसडीई रुपराम, अमित सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
उपायुक्त ने इन डंपिंग प्वाइंटों का किया निरीक्षण
- बस स्टैंड के नजदीक बने डंपिंग प्वाइंट
- सिरसा क्लब के सामने डंपिंग प्वाइंट
- डाकघर के सामने डंपिंग प्वाइंट
- रानियां रोड पर सब्जी मंडी के पास डंपिंग प्वाइंट
जिला नगर आयुक्त की इस प्रकार रही बैठक
जिला नगर आयुक्त वीरेंद्र सहरावत ने गोशाला संचालकों की अपने कार्यालय में बैठक की। बैठक में ईओ अतर सिंह खनगवाल और 15 गोशाला के संचालक मौजूद रहे। जिला नगर आयुक्त ने गोशाला संचालकों को निर्देश दिए कि बेसहारा पशुओं की समस्या का स्थायी समाधान किया जाना जरूरी है। सर्दी के मौसम में हादसों का कारण कई लोगों की मौत हो सकती है। गोशाला संचालकों की समाज के प्रति जिम्मेदारी बनती है कि वह इस काम मे सहयोग करें। सभी गोशालाएं बेसहारा पशुओं को जगह दें और नगर परिषद के अभियान का सहयोग करें। गोशाला संचालकों ने कहा उनके पास जगह की कमी है। जिले की अन्य गोशालाओं से सहयोग लिया जाना जरूरी है। जिला नगर आयुक्त ने कहा कि शहर के आस पास की सभी गोशालाओं से बातचीत की जाएगी और वहां पर बेसहारा पशुओं को पहुंचाया जाएगा।
यह दिए आदेश
1 दुधारू गायों के मालिकों को नोटिस जारी किए जाएं।
2 दुधारू गाय सड़क पर मिलती है तो उसके मालिक पर जुर्माना लगाया जाएगा।
3 जुर्माना लगाने के बाद भी कोई दुधारू पशु छोड़ता है तो उसके मालिक पर एफआईआर दर्ज की जाएगी।
नंदियों को पकड़ना जरूरी
शहर के मुख्य मांगों पर गायों से ज्यादा नंदी नजर आते हैं। इनके कारण हादसों को खतरा सबसे ज्यादा रहता है। ईओ अतर सिंह खनगवाल ने कहा कि नंदियों को लेकर विशेष रूप से अभियान चलाया जाएगा।
रैन बसेरे में कर्मचारी करते रहे इंतजार
उपायुक्त को शेड्यूल के अनुसार रेन बसेरे का निरीक्षण भी करना थाड्यजहां पर नगर परिषद की ओर से 20 बेड यात्रियों के लिए रात्रि आराम के लिए लगाए गए हैं। उपायुक्त के अन्य कार्यक्रम शेड्यूल बीच में आने पर वह रेन बसेरे का निरीक्षण करने के लिए नहीं गए।
सीएम प्रदेश की सफाई व्यवस्था का गंभीरता से निरीक्षण कर रहे हैं। इसको लेकर किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। लोगों को सेग्रीगेशन के प्रति जागरूक किया जाएगा ताकि लोग कूड़ा न फैलाएं। सफाई व्यवस्था में किसी प्रकार की ढील न बरती जाए।
पार्थ गुप्ता, उपायुक्त