सिरसा। स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) ने राज्य कमेटी के आह्वान पर शुक्रवार को राजकीय नेशनल कॉलेज व राजकीय महिला कॉलेज की विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने लघु सचिवालय तक रोष मार्च किया। बाद में उपायुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन करते हुए ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शनकारियों की अध्यक्षता महक भारती, पवन और संचालन संगम व मनोज ने किया। एसएफआई ने शिक्षा के निजीकरण के विरोध, पक्की भर्तियों की मांग, सभी के लिए मुफ्त बस पास देने की मांग को लेकर राज्य कमेटी के आह्वान पर राज्यव्यापी महाविद्यालयों में छात्र हड़ताल की गई। एसएफआई के राज्य सहसचिव विनोद गिल ने बताया कि प्रदेशभर में विद्यार्थियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आज प्रदेशभर में महाविद्यालयों व विश्वविद्यालयों में सरकार की केंद्रीकरण, निजीकरण व व्यवसायीकरण की गलत नीतियों के चलते फीसों में भारी बढ़ोतरी, सेल्फ फाइनेंसिंग पाठ्यक्रमों में बढ़ोतरी व शिक्षक-गैर शिक्षक कर्मचारियों की संख्या में भारी कमी से जूूझना पड़ रहा है। वहीं नौजवानों को वर्तमान सरकार रोजगार देने में नाकाम रही है।
स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया ने ऐलान किया कि मांगों पर महाविद्यालय प्रशासन व हरियाणा सरकार को मनाने के लिए बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर एसएफआई राज्य कमेटी महक ने कहा कि एसएफआई सालों से छात्र संघ चुनाव को बहाल करने की लड़ाई लड़ रही थी। छात्र संघ चुनाव का बहाल होना विद्यार्थियों व एसएफआई के सालों के संघर्षों की बड़ी जीत है। इस मौके पर संदीप सिहाग, खुशबू, रुबी, सतीश, राहुल, हैप्पी, उपासना, अनिता, फाल्लिका आदि मौजूद रहे।
-मांगों के लिए एसएफआई ने किया प्रदर्शन