श्री विश्वकर्मा शिक्षा समिति के कॉलेजियम सदस्यों का चुनाव रविवार को कड़ी सुरक्षा के बीच हो गया। 14 सदस्य रविवार को चुने गए और 106 कॉलेजियम सदस्यों को पहले ही निर्विरोध चुन लिया गया था। अब समिति में प्रधानी की दौड़ शुरू हो गई है। कॉलेजियम सदस्य को साधने के लिए जोड़-तोड़ शुरू हो गया है। अब 10 मई को कॉलेजियम सदस्य प्रधान चुनेंगे।
काठमंडी स्थित विश्वकर्मा हाईस्कूल में सुबह नौ बजे रिटर्निंग ऑफिसर अरविंद मल्हाण, ऑर्ब्जवर हुडा के एस्टेट ऑफिसर महेंद्र पाल, एडीसी प्रदीप कुमार और डीईओ सत्यवती नांदल की देखरेख में मतदान शुरू हुुआ। 14 कॉलेजियम सदस्य पदों के लिए 29 प्रत्याशी मैदान में थे, जिन्हें 400 वोटरों ने चुना। सहायक चुनाव अधिकारी राजरूप राठी ने बताया कि तीन बजे तक मतदान होने के बाद ही मतगणना कराई गई, जिसके तुरंत बाद परिणाम घोषित कर दिए गए। चुनाव के दौरान किसी भी स्टाफ मेंबर, वोटर या प्रत्याशी को मोबाइल अंदर नहीं ले जाने दिया गया।
चेकिंग के बाद ही गेट के मतदान केंद्र के अंदर इंट्री दी गई। यूं तो संस्था में 3266 वोटर हैं, लेकिन 106 वार्डों में निर्विरोध कॉलेजियम चुने जाने के बाद केवल 14 वार्डों के लगभग 400 मतदाताओं ने भी वोट डाली। चुनाव ड्यूटी में 133 कर्मचारियों के अलावा लगभग 200 पुलिसकर्मी भी लगाए गए थे।
14 वार्डों में ये बने विजेता
वार्ड विजेता उपविजेता कुल वोट
12. हरिनिवास(18) दीपक(9) 28
14. केशव(14) सत्यपाल(11) 28
25. अभिमन्यु(20) रविकुमार(7) 28
29. राजेंद्र(15) सूर्यकांत(12) 28
58. राकेश(13) राजबीर(13) 28
59. श्रीओम(17) ब्रह्मस्वरूप(10) 27
60. प्रवेश(14) राजेंद्र(12) 27
61. रामनिवास(16) दिनेश(11) 27
78. सूबे सिंह(13) करतार(7) 20
97. जयपाल(21) अनीता(0) 21
102. अभिषेक(14) प्रेमपाल(10) 26
103. नरेश(18) नरेंद्र(8) 29
108. नगेंद्र(7) बलबीर(4) 25
113. रामकुमार(11) शिवकुमार(8) 27
नोट : यह कुल वोटों की संख्या है। इसमें कुछ वोटरों ने मतदान नहीं किया।
पर्ची डालकर खिला राकेश का सूरज, राजबीर की कटी पतंग की डोर
वार्ड नंबर 58 से राजबीर सिंह और राकेश मैदान में थे, जिसमें टोटल 28 वोटर थे और चुनाव के समय 26 वोटरों ने मतदान किया। इन 26 वोटों में दोनों प्रत्याशियों को 13-13 वोट मिले। दोनों प्रत्याशियों को समान वोट मिलने पर तय हुआ कि विजेता का फैसला पर्ची से किया जाएगा। इसके बाद पदाधिकारियों की देखरेख में पर्ची डाली गई, जिसमें राकेश को जीत हासिल हुई। इस तरह राजबीर सिंह के चुनाव चिह्न पतंग की डोर टूटी तो राकेश का सूरज खिल गया।
पहचान पत्र दिखाकर ही डाले गए वोट
मतदान के दौरान उसी वार्ड का एजेंट बनाया गया था, जिस वार्ड का चुनाव था। सरकार की ओर से जारी पहचान पत्र या फिर समिति का पहचान पत्र दिखाकर ही मतदाता को वोट डालने दिया गया। चुनाव के दिन भी प्रत्याशी वोटों के जोड़तोड़ में नजर आए।
ये कॉलेजियम सदस्य बने निर्विरोध
प्रेमनारायण, गोपालराम, रामरूप शर्मा, जयनारायण, हंसराज, नीरज कुमार, तेजस्वी, विष्णु दत्त, सुधीर कुमार, शिवकुमार, सुनील कुमार, राकेश कुमार, महेश कुमार, कमल कुमार, अरब कुमार, योगेश, बिजेंद्र सिंह, धर्मवीर, अतुल गौतम, राजेश कुमार, गुरुबचन दत्त, लिच्छीराम, जयकिशन, बलवीर सिंह, ओमप्रकाश, योगेंद्र, सुरेश कुमार, नवीन, दिलबाग सिंह, सुनील, बलवान सिंह, सुशील, रामकिशन, आनंद कुमार, राकेश, देवेंद्र, सुरेंद्र, सतवीर, राजेश, सुरेंद्र कुमार, शिवकुमार, मनोज, कृष्ण कुमार, देवीशंकर, उमेद सिंह, राजमल, अजय कुमार, संजीव, धर्मेंद्र, अजीत, शांतिप्रकाश, रविंद्र कुमार, संजय कुमार, राकेश कुमार, गजेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, पुरुषोत्तम, मुकेश, सुरेश, अमित, राजबीर, सुभाष, कर्मबीर, सुरेंद्र कुमार, किशोर कुमार, सुरेंद्र कुमार, धर्मवीर सिंह, राजसिंह, सतीश कुमार, नीरज शर्मा, अरविंद, कृष्ण कुमार, नवीन कुमार, अजित सिंह, रामप्रकाश, शिवकुमार, वीरेंद्र, जोगेंद्र सिंह, जयभगवान, सुरेश कुमार, श्रीकृष्ण, जगवीर सिंह, अतर सिंह, उमेद सिंह, धर्मपाल, संजय, कमलेश, जगदीश, अशोक, अमित, जयबीर, दुष्यंत, बबीता, नरेश, योगेंद्र, संजय, पिंकी, ममता, घनश्याम, रोहताश, दीपक, सतीश, जयभगवान, जगदेव, श्याम और देवेंद्र को निर्विरोध चुना गया।