विवादों में घिरी वैश्य एजुकेशन सोसायटी को बड़ा झटका लगा है।
सोसायटी रजिस्ट्रार ने पूर्व सेक्रेटरी की ओर से जारी किए गए चुनाव के शेड्यूल को खारिज करते हुए स्टे लगा दिया है। चेतावनी दी है कि गवर्निंग बॉडी भंग हो चुकी है।
ऐसे में चुनाव का शेड्यूल जारी करने का कोई अधिकार नहीं है।
वैश्य एजुकेशन सोसायटी की गवर्निंग बॉडी को लेकर विवाद छिड़ा हुआ है।
प्रधान मनमोहन गोयल इस्तीफा दे चुके हैं। 105 में से 74 सदस्यों ने प्रधान और सचिव की गैर मौजूदगी में गवर्निंग बॉडी के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पास किया।
गत सप्ताह पूर्व सेक्रेटरी दीपक गोयल ने खुद को चुनाव अधिकारी बताते हुए मीडिया के माध्यम से सोसायटी चुनाव का शेड्यूल जारी किया था। विपक्षी गुट ने इसकी शिकायत सोसायटी रजिस्ट्रार से की। मंगलवार को सोसायटी रजिस्ट्रार आर. एस. सांकला की तरफ से पूर्व सेक्रेटरी दीपक गोयल के नाम नोटिस जारी किया गया है। नोटिस में चेताया है कि गवर्निंग बॉडी कॉलेजियम के द्वारा भंग की जा चुकी है और सोसायटी में प्रशासक नियुक्त करने की भी पूरी तैयारी हो चुकी है। गवर्निंग बॉडी भंग होने के बाद चुनाव का शेड्यूल जारी करने का कोई अधिकार नहीं है। इसलिए चुनाव के शेड्यूल पर स्टे किया जाता है। गवर्निंग बॉडी भंग होने के बाद चुनाव का अधिकार प्रशासक के पास है। सोसायटी रजिस्ट्रार की तरफ से स्टे लगने के बाद पूर्व सचिव दीपक गोयल के खेमे में हड़कंप मचा हुआ है। सूत्रों की मानें तो सोसायटी पर प्रशासक नियुक्त करने के लिए बुधवार को चंडीगढ़ से पत्र जारी हो सकता है।
जानते हुए अनजान बने पूर्व सेक्रेटरी
इस मामले को लेकर जब पूर्व सेक्रेटरी दीपक गोयल से फोन पर बातचीत की गई तो उन्होंने नोटिस की जानकारी से ही इनकार कर दिया। कहा, मैं बाहर हूं। रजिस्ट्रार की तरफ से क्या आया है और क्या नहीं, मुझे अभी जानकारी नहीं है।
वर्जन
पूर्व सचिव के नाम से नोटिस जारी किया गया है। चुनाव का जो शेड्यूल जारी किया गया था, उस पर स्टे लगा दिया गया है।
- आरएस सांकला, सोसायटी रजिस्ट्रार