माई सिटी रिपोर्टर
रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय में महिला सफाई कर्मियों के अंत:वस्त्रों की जांच करने के मामले में 24 घंटे बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। रविवार को प्रकरण सामने आने के बाद सोमवार दोपहर तक कार्रवाई का आश्वासन दिया था। इससे आहत महिला सफाई कर्मियों व विद्यार्थियों ने सोमवार दोपहर बाद कुलपति व कुलसचिव कार्यालय का घेराव कर रोष जताया।
महिला सफाई कर्मियों के साथ हुई अभद्रता पर कार्रवाई न होने पर कुलसचिव डॉ. कृष्णकांत को ज्ञापन भी सौंपा। एमडीयू प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों को सेनेटरी सुपरवाइजर वितेंद्र कुमार को तुरंत प्रभाव से निलंबित करने व मामले में अनुशासनात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारी लौट गए।
महिलाओं ने कहा कि हमारे साथ अभद्रता करने के जिम्मेदार अधिकारी अब तक सुरक्षित हैं। विवि प्रशासन ने इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। यह गलत है।
इन अन्याय के खिलाफ लड़ाई लड़ी जाएगी। विद्यार्थियों ने कहा कि बहनों के लिए सभी छात्र संगठन एक होकर आंदोलन करेंगे।
छात्र नेता दिनेश कांगड़ा ने कहा कि यह निंदनीय घटना है। महिलाओं के साथ हुए अमानवीय व्यवहार के दोषियों को सजा मिलनी चाहिए। छात्र नेता विक्रम सिंह डुमोलिया ने कहा कि महिलाओं का अपमान करने वाले दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। वह किसी भी स्तर का अधिकारी क्यों न हो।
छात्र नेता राजवीर बिड़लान ने कहा कि एमडीयू प्रशासन इस निंदनीय कार्य पर तुरंत एक्शन लेकर दोषियों को बर्खास्त करें। आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करे।
शहीद भगत सिंह छात्र संगठन के अध्यक्ष प्रदीप मोटा ने कहा कि महिलाओं के साथ हुए इस दुर्व्यवहार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। छात्र नेता सुधीर सहारण ने कहा कि सभी छात्र संगठन इस आंदोलन में कंधे से कंधा मिलाकर संघर्ष करेंगे। इस मौके पर समस्त सफाई कर्मचारी, व विश्वविद्यालय के छात्र मौजूद रहे।