रोहतक। जिला उपभोक्ता आयोग ने कहा है कि बीमा कंपनी बिना किसी ठोस वजह के हेल्थ पॉलिसी का क्लेम नहीं रोक सकती। नौ अप्रैल को दिए गए निर्णय में जींद निवासी पूजा जुनेजा को हर्निया के ऑपरेशन पर खर्च हुए 80,276 रुपये नौ प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित दे। सेवा में कमी के कारण 10 हजार रुपये हर्जाने व पांच हजार रुपये कानूनी खर्च के तौर पर भी दिए जाएं।
आयोग के मुताबिक, जींद के शिव चौक निवासी अजय जुनेजा ने मार्च 2024 में अर्जी दायर की थी कि उन्होंने पूरे परिवार की यंग स्टार हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी ली थी। 33,786 की प्रीमियम राशि का भुगतान किया था। कंपनी को पूरे परिवार के सदस्यों के स्वास्थ्य से अवगत करवा दिया था।
मई 2023 में पत्नी पूजा जुनेजा को जींद के सद्भावना अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अल्ट्रासाउंड तथा एक्स-रे के बाद डॉक्टर ने ऑब्स्ट्रक्टेड इनसिजनल हर्निया बताया था। ऑपरेशन की सलाह दी। उन्होंने स्वास्थ्य बीमा कंपनी से संपर्क किया।
कंपनी ने पहले की बीमारी बताकर क्लेम देने से इन्कार कर दिया था। महिला ने 1,05,940 रुपये खर्च कर ऑपरेशन कराया। बीमा कंपनी के क्लेम देने से इन्कार के बाद आयोग का दरवाजा खटखटाया। आयोग के नोटिस पर बीमा कंपनी ने जवाब दिया कि आवदेनकर्ता ने पूरे दस्तावेज नहीं दिए।
पता चला है कि महिला को यह दिक्कत पहले हुई सर्जरी की वजह से हुई है। आयोग ने दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद निर्णय दिया है कि बिना ठोस कारण के बीमा कंपनी ने क्लेम टाला है।