रोहतक। श्रमिकों का ईपीएफ जमा न कराने के मामले में छह साल बाद भी जांच पूरी न होने पर सीजेएम मोहम्मद सगीर की अदालत ने जांच के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने कहा कि डीएसपी निश्चित सीमा में जांच कर अदालत में रिपोर्ट दाखिल करें।
आदर्श औद्योगिक कर्मचारी संघ के महासचिव मदन कुमार सिंह ने बताया कि एक कंपनी की ओर से कर्मचारियों का ईपीएफ जमा नहीं कराया जा रहा है। शिकायत पर 2020 में तत्कालीन श्रम एवं रोजगार मंत्री अनिल विज के आदेश पर सिटी थाना रोहतक में एफआईआर दर्ज की गई थी। छह साल बाद भी पुलिस ने ठोस जांच नहीं की। इस पर मजदूर संगठन की ओर से अदालत में याचिका दायर की गई। कोर्ट ने 12 मई को आदेश जारी कर जांच के आदेश दिए हैं।