रोहतक। ओमैक्स सिटी में सप्लाई हो रहे पेयजल में टीडीएस 2500 मिलने पर सिविल सर्जन ने वीरवार को उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक से कानूनी कार्रवाई करने की अनुशंसा की है।
जिला परिवेदन एवं कष्ट निवारण समिति की 13 फरवरी को हुई बैठक में गृह मंत्री अनिल विज ने ओमैक्स सिटी के लोगों की फरियाद पर अफसरों को आदेश दिए कि वे जल्द से जल्द जांच करके बिल्डर के खिलाफ कार्रवाई करें। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग के सिविल सर्जन और पब्लिक हेल्थ के एसई ने संयुक्त रूप से पानी का सैंपल भरने के लिए टीम गठित की। 17 फरवरी को टीम ने ओमैक्स सिटी के अंदर तीन स्थानों से पानी की सैंपल भरे। जिसकी जांच पब्लिक हेल्थ की लैब में हुई। रिपोर्ट में पाया गया कि तीनों सैंपल के अंदर टीडीएस की मात्रा 2500 हैं, जो किसी धीमे जहर से कम नहीं। रिपोर्ट मिलने के बाद वीरवार को सिविल सर्जन डॉ. अनिल बिरला ने उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक को पत्र भेजकर कार्रवाई के लिए कहा है। उन्होंने कहा है कि लैब की जांच से खुलासा हुआ है कि ओमैक्स सिटी का पानी पीने के लायक नहीं है। इस मामले में ओमैक्स सिटी इंचार्ज पर उचित कार्रवाई की जाए। वहीं, डीएसपी हेड क्वार्टर गोरखपाल राणा ने बताया कि यदि सिविल सर्जन ने कार्रवाई के लिए पत्र लिखा है, तो निश्चित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।