महम बाईपास पर मंगलवार सुबह सीसरखास गांव से भैणी महाराजपुर स्थित स्कूल में ड्यूटी पर जा रहीं स्कूटी सवार महिला लेक्चरर दिनेश देवी (40) को एक कार ने टक्कर मार दी। इसमें महिला लेक्चरर गंभीर रूप से घायल हो गईं। उन्हें सिविल अस्पताल महम में ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। महम पुलिस ने चालक के खिलाफ लापरवाही से गाड़ी चलाने का केस दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक सीसरखास निवासी कुलदीप ने दी शिकायत में बताया है कि उनका भाई डॉ. परमिंदर भैणीभैरो स्थित स्कूल में शारीरिक शिक्षा अध्यापक के पद तैनात हैं। वहीं, उनकी भाभी दिनेश देवी भैणी महाराजपुर गांव में अंग्रेजी की जूनियर लेक्चरर के पद पर तैनात थीं। उन्होंने बताया कि भैया और भाभी कार से ही स्कूल जाते हैं, लेकिन मंगलवार को खेलों के आयोजन के चलते डॉ. परमिंदर की महम में ड्यूटी लगी थी। ऐसे में दिनेश देवी स्कूटी से स्कूल के लिए रवाना हुईं थीं। सुबह करीब आठ बजे जब वह महम बाईपास पर पहुंचीं तो पीछे से आ रही कार ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही दिनेश देवी सड़क पर जा गिरी, जबकि स्कूटी सड़क किनारे खड़े ट्रॉले के नीचे जा घुसी। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। मौके पर पहुंचे लोगों ने उन्हें तत्काल महम के सामान्य अस्पताल में पहुंचाया, जहां उन्हें डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
अपने दो बच्चों के साथ जेठ के बेटे का भी कर रहीं थीं पालन-पोषण
कुलदीप ने बताया कि उसके भाई डॉ. परमिंदर न केवल शिक्षक हैं, बल्कि सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रहते हैं। ऐसे में दिनेश भी कार्यों में भाग लेती रहती थीं। इतना ही नहीं, हादसे में दो नहीं, बल्कि तीन बच्चों से मां का साया छीन गया। दिनेश देवी के जेठ व जेठानी का 2006 में देहांत हो गया था। उस समय जेठ प्रवीण का बेटा मात्र दो-तीन साल का था। उसे भी दिनेश देवी ने मां की तरह पाला है।