संवाद न्यूज एजेंसी
रोहतक। बिजली की बढ़ोतरी को लेकर समाधान शिविर और मुख्यालय को दी शिकायत से आमजन को कोई राहत नहीं मिली है। उपभोक्ताओं को बिजली के बिल यूनिट पर नहीं, कनेक्शन का लोड आधार मानकर दिए जा रहे हैं। एक समान बिजली की खपत होने के बावजूद बिजली की दरें कम-ज्यादा निर्धारित की गई हैं। यह कहना सेक्टर-3 निवासी उमेद सिंह खत्री का है।
उमेद सिंह खत्री ने बताया कि घरेलू कनेक्शन पर 100 यूनिट खपत पर 2 किलोवाट प्रति यूनिट की श्रेणी-1 में 2.39 रुपये निर्धारित थी जबकि नई दरों में बढ़ोतरी कर 2.60 रुपये किए गए हैं। साथ ही, श्रेणी-2 के 5 किलोवाट लोड पर 3.11 रुपये प्रति यूनिट व श्रेणी-3 के 5 किलोवाट से ऊपर लोड पर 11.32 रुपये प्रति यूनिट वसूले जा रहे हैं।
पुरानी यूनिटों में श्रेणी-2 व 3 की दर लागू नहीं थी। उन्होंने बताया कि पहले 300 यूनिट खपत पर श्रेणी-1 में कोई दर लागू नहीं थी। पहली दरों के अनुसार श्रेणी-2 में 4.84 रुपये प्रति यूनिट व श्रेणी-3 में दर लागू नहीं थी जबकि बिजली निगम की नई दरों में श्रेणी-2 के उपभोक्ताओं से 4.76 रुपये प्रति यूनिट बिल वसूला जा रहा है। श्रेणी दो पहले की अपेक्षा बिजली की दर में कमी आई है।
उन्होंने कहा कि नई दरों में भी उपभोक्ताओं का समान न रखकर कम ज्यादा बिल बनाए जा रहे हैं। गरीब उपभोक्ताओं से बिलों पर 301 व 800 यूनिट खपत में अलग-अलग श्रेणियों के अनुसार असामान्य तरीके से दर बढ़ोतरी की गई है। उनका कहना है दरों की वृद्धि का समर्थन करता हूं लेकिन एक समान बिजली खपत करने वाले उपभोक्ताओं से बिजली बिल की दरें कम-ज्यादा दी जा रही हैं।
हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग से बिजली की दरों को लागू किया गया है। बिजली निगम की ओर से जारी दरों के अनुसार बिल दिए जा रहे हैं। दरों से हटकर कोई बिल बना है तो उपभोक्ता उसकी शिकायत कर सकता है।
- रामिंद्र मलिक, कार्यकारी अभियंता, बिजली निगम।