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Rohtak: एमडीयू की छात्रा शैली शरण उत्तर प्रदेश में बनीं जज, पाई 52वीं रैंक, पढ़िए सफलता की कहानी

Fri, 01 Sep 2023 10:48 PM IST
भूपेंद्र सिंह संजय कुमार, अमर उजाला ब्यूरो, रोहतक (हरियाणा)

सार

विधि विभाग के शिक्षकों और सह शोधार्थियों ने उपलब्धि के लिए शैली को बधाई दी है। शैली शरण ने सफलता का श्रेय गुरुजनों और माता-पिता को दिया है और कहा कि खुद पर विश्वास रखें और मेहनत करें, परिणाम अवश्य आएगा। 
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बेटी को मिठाई खिलाते माता-पिता। शैली का फोटो। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के विधि विभाग की शोधार्थी शैली शरण उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की ओर से आयोजित उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा परीक्षा पास कर सिविल जज, जूनियर डिविजन चयनित हुई हैं।

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विधि विभाग के अध्यक्ष डॉ. जितेन्द्र ढुल ने बताया कि शोधार्थी शैली शरण ने उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा भर्ती परीक्षा में 52वीं रैंक प्राप्त की है और सिविल जज, जूनियर डिविजन चयनित हुई हैं। उन्होंने कहा कि शैली शरण ने इस उपलब्धि से विधि विभाग एवं एमडीयू को गौरवान्वित किया है।

डाॅ. जितेन्द्र ढुल समेत विधि विभाग के शिक्षकों एवं सह शोधार्थियों ने इस उपलब्धि के लिए शैली को बधाई दी एवं उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। शैली शरण ने सफलता का श्रेय गुरुजनों एवं माता-पिता को दिया है। उन्होंने आशीर्वाद और सहयोग के लिए अपने शिक्षकों एवं सह शोधार्थियों का आभार जताया है।
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खुद पर विश्वास रखें और मेहनत करें, परिणाम अवश्य आएगा : शैली

खुद पर विश्वास रखें और मेहनत करें, परिणाम अवश्य आएगा। समाज में हर व्यक्ति का अहम रोल है। सभी को अपनी जिम्मेदारी पूरी करनी चाहिए। यह कहना है महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के विधि विभाग की शोधार्थी शैली शरण का। शैली का हाल ही में उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की ओर से आयोजित उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा परीक्षा उत्तीर्ण करने पर सिविल जज जूनियर डिविजन के लिए चयन हुआ है।

अमर उजाला से विशेष बातचीत में शैली ने बताया कि उनको जो पद मिला है, वह हमेशा उसका सम्मान करेंगी। उनका कार्य न्याय देना होगा और वह इस कार्य में कभी पीछे नहीं हटेंगी। न्याय के क्षेत्र में ईमानदारी से सेवा करना उनका ध्येय होगा। वह छोटी थी तो आर्मी में जाना चाहती थी, लगता था कि देश सेवा आर्मी में ही हो सकती है। जब बड़ी हुई तो पता चला देश सेवा के कई माध्यम हैं।

उत्तर प्रदेश फिरोजाबाद निवासी शैली बताती हैं कि वह वर्तमान में एमडीयू रोहतक से पीएचडी लॉ रिसर्च स्कॉलर हैं। उनके पिता डाॅ. दयाल शरण उत्तराखंड में अपराध जांच विभाग के ज्वाइंट डायरेक्टर हैं और मां रेणू शरण समाजसेविका हैं और अपना ट्रस्ट चलाती हैं। वह उत्तराखंड सरकार में सरोगेसी बोर्ड की मेंबर भी हैं।
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बड़ा भाई इंजीनियर और छोटा भाई विधि अंतिम वर्ष का छात्र है। शैली ने बताया कि उन्होंने 12वीं हलद्वानी नैनीताल, एलएलबी कुमाऊं यूनिवर्सिटी व एलएलएम बंगलूरू नेशनल लॉ स्कूल ऑफ इंडिया से की। उन्होंने पहली बार में ही यह परीक्षा पास की, इसके लिए रोजाना साढे़ छह घंटे तैयारी की। वह भाजपा की तेज तर्रार नेता सुषमा स्वराज को अपना आदर्श मानती हैं।

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