फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rohtak News: संशोधित... छात्रवृत्ति व तकनीकी शिक्षा पर फोकस हो, स्टार्टअप को प्राथमिकता मिले

विज्ञापन
14... डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर।
विज्ञापन
रोहतक। प्रदेश के आगामी बजट से समाज के हर वर्ग को उम्मीद है। कामकाजी महिलाएं, गृहिणी व छात्राएं भी इस बजट में बदलाव और लाभ की अपेक्षाएं कर रहीं हैं।
विज्ञापन

कामकाजी महिलाओं का कहना है कि भविष्य में हित को ध्यान में रखकर बजट बनेगा तो उनको राहत मिलेगी। घरेलू महिलाओं को उम्मीद है कि उनको घर चलाने के लिए बजट अच्छा मिलेगा। वहीं छात्राओं का कहना है कि बजट में उनके लिए रोजगार होना चाहिए।

कामकाजी महिलाएं...

बजट 2026 में महिलाओं के सशक्तीकरण और रोजगार को प्राथमिकता देना चाहिए। महिला स्वास्थ्य, शिक्षा और स्वरोजगार योजनाओं में निवेश बढ़ाना चाहिए। स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम और डिजिटल साक्षरता से महिलाएं आत्मनिर्भर बनेंगी। घरेलू खर्च में राहत और आधारभूत सुविधाओं में सुधार से उनके जीवन स्तर में सुधार संभव होगा। -डॉ. विनीता कौशिक, असिस्टेंट प्रोफेसर, नेकी राम काॅलेज रोहतक।
विज्ञापन


बजट 2026-27 में युवाओं और महिलाओं पर विशेष फोकस होना चाहिए। महिलाओं के लिए स्वरोजगार और सभी वर्गों के लिए शिक्षा व स्वास्थ्य संबंधी पहल जरूरी है। डिजिटल सुविधाएं और मुफ्त तकनीकी प्रशिक्षण केंद्र समग्र विकास में सहायक होंगे। -डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर, सीआर कॉलेज ऑफ एजुकेशन रोहतक।



ग्रहिणी...


आगामी बजट में महिलाओं, युवाओं और शिक्षा को केंद्र में रखा जाना चाहिए। यदि रोजगार, स्किल और सामाजिक सुरक्षा पर संतुलित ध्यान दिया गया तो विकास का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचेगा और समाज में स्थायी बदलाव आएगा। -सुषमा बत्तरा, ग्रहणी, रोहतक।



गैस सिलिंडर, तेल और सब्जियों की बढ़ती कीमतों से परेशानी बढ़ी है। बजट में यदि आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण और राशन व्यवस्था को मजबूत किया गया तो गृहिणियों को बड़ी राहत मिलेगी। -राज अरोड़ा, ग्रहिणी, रोहतक।

--
छात्राएं...
हम चाहती हैं कि बजट में रोजगार से जुड़ी योजनाओं, स्किल डेवलपमेंट और स्टार्टअप को प्राथमिकता दी जाए। पढ़ाई के बाद नौकरी के अवसर बढ़े, इसके लिए इंडस्ट्री-लिंक्ड कोर्स और प्रशिक्षण केंद्र शुरू किए जाने चाहिए। -साक्षी, एमए राजनीति विज्ञान, एमडीयू।



उच्च शिक्षा महंगी होती जा रही है। बजट में छात्रवृत्ति, रिसर्च फंड और तकनीकी शिक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। इससे ग्रामीण और मध्यम वर्ग की छात्राओं को आगे बढ़ने और आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा। -शीतल, एमए छात्रा, एमडीयू रोहतक।
विज्ञापन

14... डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर।

14... डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर।

14... डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर।

14... डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर।

14... डॉ. सविता, असिस्टेंट प्रोफेसर।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें