जींद। जिले में लगातार बारिश के कारण अब किसान से लेकर व्यापारी तक हर वर्ग के लोगों को मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है जिससे शहर में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। वहीं जिले का गांवों में तीन से चार फीट तक खेतों में पानी भरने से फसलें डूबने की कगार पर हैं।
मगंलवार को जिले में सबसे ज्यादा बारिश 52 मिमी बारिश सफीदों व उचाना में दर्ज की गई। वहीं जींद में 20 मिमी, नरवाना 33 मिमी, जुलाना 31 मिमी, पिल्लूखेड़ा में 32 मिमी, अलेवा में 37 मिमी बारिश दर्ज की गई।
मंगलवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री व न्यूनतम तापमान 24 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान आकाश में बादल छाए रहने व बारिश की संभावना है। पिछले दो दिनों से जिले में रूक-रूक कर बारिश व फुहारों का सिलसिला लगातार जारी है।
इसके चलते मकानों की छतें टपकने लगी हैं। लगातार बारिश ने किसानों के समीकरण बिगाड़ दिए हैं। नरवाना, पिल्लूखेड़ा, जुलाना के गांवों के खेतों में फसलें पानी में डूबी हुई है। पानी की निकासी भी की जा रही है लेकिन बारिश से हालात बदतर होते जा रहे हैं।
बारिश के साथ फसल डूबने के इलाके में भी इजाफा हो रहा है। मौसम वैज्ञानिक डाॅ. राजेश ने बताया कि अगले 24 घंटों के दौरान आकाश में बादल छाए रहने के साथ बारिश की संभावना बन रही है। बारिश को लेकर अलर्ट भी जारी किया है।
यहां मिलेगी मदद
प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए आपदा नंबर भी जारी किया गया है। अगर बाढ़ व आपदा की स्थिति है तो कंट्रोल रूम या फिर जिला राजस्व अधिकारी के नंबर 9034041552 पर संपर्क किया जा सकता है।
02जेएनडी30: ढाकल गांव के स्टेडियम में भरा पानी। संवाद