रोहतक। ओल्डी सिटी थाने में ट्रिपल पी (पब्लिक-प्राइवेट पाटर्नशिप) पर बन रही पार्किंग की तर्ज पर हुडा काम्प्लेक्स में भी पार्किंग बनाई जाएगी। इसके चलते हुडा प्रशासन की तरफ से काम्प्लेक्स में लगी पूर्व प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू की प्रतिमा को पीछे पार्क में शिफ्ट करने की योजना है। इस पर न केवल कांग्रेस, बल्कि दी शहीदान ए यादगार कमेटी ने विरोध जताया है और 11 दिसंबर को काम्प्लेक्स में प्रदर्शन करने का फैसला लिया है। हालांकि हुडा प्रशासक पूरे मामले से अभी अनभिज्ञता जाहिर कर रहे हैं।
दी शहीदान ए वतन यादगार कमेटी के प्रधान मनमोहन आजाद ने बताया कि सियासत के अंदर शहीदों को नहीं घसीटा जाना चहिए। भाजपा सरकार स्वतंत्रता सेनानियों को इसमें घसीट रही है। जबकि शहीद देश की अमानत हैं और उनके अपमान को किसी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आजाद ने बताया कि हुडा काम्प्लेक्स में पंडित जवाहरलाल नेहरू की प्रतिमा की स्थापना 14 नवंबर 1999 को पूर्व विधायक (एमएलसी पंजाब) व स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय पूर्ण आजाद के अथक प्रयासों के बाद पूर्व मुख्यमंत्री बंसीलाल के कार्यकाल में की थी। इसका उद्घाटन पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी भजनलाल ने किया था। इस मूर्ति को तत्कालीन प्रदेश सरकार एवं हुडा विभाग की सभी शर्तों का अनुपालन कर नियमों के दायरे में रहकर स्थापित किया गया था, लेकिन मौजूदा प्रदेश सरकार इसे यहां से हटाकर व्यावसायिक भवन और बहुमंजिला पार्किंग बनाना चाहती है। इसके आवंटन में गड़बड़ी की जा रही है।
दी शहीदान-ए- वतन यादगार कमेटी शहर में किसी प्रकार के निर्माण के खिलाफ नहीं है, लेकिन जिस नीयत से हुडा काम्प्लेक्स में निर्माण किया जा रहा है उसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कमेटी नेहरू की मूर्ति हटाने को लेकर पूरी तरह से खिलाफ है और 11 दिसंबर शुक्रवार को सुबह 11 बजे से 3 बजे तक धरना प्रदर्शन करेगी। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर सरकार के खिलाफ उच्च न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाया जाएगा।
दुर्गा भवन के सामने पुराने सिटी थाने की तर्ज पर कर रहे मनमानी
मनमोहन आजाद ने कहा कि भाजपा सरकार दुर्गा भवन के सामने सिटी थाना की जमीन की तरह हुडा काम्प्लेक्स की जमीन पर भी मनमानी कर रही है। वहां पर मंदिर व मंदिर की दुकानों को छोड़ दिया गया, लेकिन हुडा काम्प्लेक्स में प्रथम प्रधानमंत्री की प्रतिमा को हटाने की तैयारी है। कहा जा रहा है कि प्रतिमा को पीछे पार्क में लगा लिया जाए, ऐसा नहीं हो सकता। क्योंकि प्रोजेक्ट में प्रतिमा कहीं आड़े नहीं आ रही है। कमेटी के विरोध प्रदर्शन में कांग्रेसी नेता भी शामिल होंगे। इस संबंध में कांग्रेस के कई शीर्ष नेताओं से भी बात हो चुकी है।
दी शहीदान ए वतन यादगार कमेटी के विरोध का मैं समर्थन करता हूं। देश के पहले प्रधानमंत्री की प्रतिमा को नहीं हटाया जा सकता। इसके लिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक होगी और इस मुद्दे पर बात की जाएगी। - भारत भूषण बतरा, विधायक, रोहतक
मेरे संज्ञान में अभी यह मामला नहीं है। यदि लिखित में कुछ आएगा तो नियमानुसार कार्रवाई करेंगे।
- बीएस हुड्डा, हुडा प्रशासक रोहतक