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कैदी की तलाश में लगी पुलिस की टीमें, यूपी तक भी पहुंची

Sun, 25 Oct 2015 02:04 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
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पीजीआई से पुलिस कस्टडी से फरार डकैती के मामले में सजा काट रहे कैदी पूनाराम तक पुलिस नहीं पहुंच पाई है। कैदी की तलाश में रोहतक और करनाल सहित आधा दर्जन टीम लगी हैं। कैदी की तलाश में पुलिस यूपी सहित शामली में उसके गांव में छानबीन कर रही है।
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पीजीआई से शुक्रवार सुबह पुलिस कस्टडी से डकैती के मामले में सजा काट रहा कैदी फरार हो गया। करनाल पुलिस उसे सोमवार को जेल से पीजीआई में कूल्हे का ऑपरेशन कराने के लिए लेकर आई थी। फरार कैदी पूनाराम (58) शामली जिले के झिंझाना थानांतर्गत खानपुर कलां गांव का रहने वाला है। उसे घरौंडा में 2002 में डकैती डालने के मामले में 10 साल की सजा मिली थी और अब करनाल जेल में बंद था।

इस मामले में लापरवाही बरतने पर करनाल के एचसीपी हरपाल सिंह, कांस्टेबल प्रदीप व सोमबीर के खिलाफ ड्यूटी में लापरवाही बरतने का केस दर्ज किया गया था, जबकि पूनाराम पर पुलिस कस्टडी से भागने का केस हुआ था। पूनाराम के कस्टडी से भागने के बाद से पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। पीजीआई एसएचओ कुलदीप ने बताया कि करनाल व यहां की पुलिस मिलकर कैदी की तलाश में लगी हुई है और उसके करीबियों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है, जिससे उनके सहारे भी पूनाराम का पता किया जा सके।
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बावरिया गिरोह का सदस्य रहा है पूनाराम
पीजीआई से पुलिस कस्टडी से फरार हुआ कैदी पूनाराम कोई छोटा अपराधी नहीं था, बल्कि वह बावरिया गिरोह का सदस्य रहा है। बावरिया गिरोह में एक दर्जन तक बदमाश होते है जो इक्ट्ठे होकर घर में लूटपाट करने के लिए घुसते हैं। इस दौरान घर का कोई सदस्य जाग जाता है तो उसकी बेरहमी से हत्या तक कर देते हैं। जिस समय घरौंडा में डकैती डाली गई, उसी समय पूनाराम के गृह जनपद के आसपास भी कई जगह बावरिया गिरोह का आतंक रहा था। उसके बाद ही वह गिरोह यूपी की सीमा से सटे हरियाणा के जिलों में पहुंच गया था। उस दौरान ही डकैती डाली गई और पूनाराम पकड़ा गया था।
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