34 दिल्ली में प्रदर्शन के बाद विरोध में उतरे पेंशन बहाली संघर्ष समिति के सदस्य। स्रोत : समिति
रोहतक। पेंशन बहाली संघर्ष समिति ने सरकार के खिलाफ दो दिसंबर को प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है। समिति के जिला प्रधान अनिल स्वामी ने बताया कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर 25 नवंबर को पुरानी पेंशन बहाली को लेकर कर्मचारियों और अधिकारियों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया था।
प्रदर्शन के तुरंत बाद एनएमओपीएस के राष्ट्रीय मुख्य संगठन सचिव व पेंशन बहाली संघर्ष समिति हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र धारीवाल को दिल्ली पुलिस ने थाने बुलाया और कई घंटे तक थाने में बैठाकर देर रात अधिक संख्या में लोगों के पहुंंचने का हवाला देकर एफआईआर दर्ज कर दिया। बताया गया कि पेंशन बहाली के लिए धरना प्रदर्शन में नियमों की अनदेखी की गई।
पेंशन बहाली संघर्ष समिति के जिला महासचिव संजय सिंहमार ने बताया कि दिल्ली में प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से निर्धारित स्थान व समय सीमा में प्रदर्शन को समाप्त भी कर दिया गया था। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन को लेकर कई वर्षों से कर्मचारी आंदोलन कर रहे हैं लेकिन सरकार की ओर से कर्मचारियों की मांग को नहीं माना जा रहा है।
उन्होंने बताया कि पेंशन बहाली संघर्ष समिति हरियाणा की ओर से यह निर्णय लिया गया है कि प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र धारीवाल पर हुई एफआईआर के विरोध में हरियाणा समेत देश के सभी जिलों में दो दिसंबर को जिला मुख्यालयों पर राष्ट्रव्यापी रोष प्रदर्शन किया जाएगा।
दर्ज की गई एफआईआर की प्रतियों को जलाकर सरकार की तानाशाही के खिलाफ विरोध दर्ज किया जाएगा। इस दौरान जिला कोषाध्यक्ष रविकांत धानक, जिला उपप्रधान ललित कुमार, मंजू राणा, संजय राठी, जोगेंद्र ढुल, डाॅ. अजय कादियान, संजीव भारद्वाज व नरेंद्र आदि मौजूद रहे।