हेल्थ यूनिवर्सिटी रोहतक में एमबीबीएस की स्थायी 50 सीटें बढ़ाने के लिए
एमसीआई का निरीक्षण एक बार फिर बुधवार से शुरू हो गया। सुबह 10 बजे पीजीआई
पहुंची चार सदस्यों की टीम ने विभिन्न विभागों का जायजा लेने के साथ ही
पीजीआई के कई वार्ड भी खंगाले।
पीजी स्टूडेंट्स के दस्तावेजों की भी जांच
की गई। बृहस्पतिवार को भी निरीक्षण जारी रहेगा।
पिछले माह निरीक्षण पर
आई टीम दौरा अधूरा छोड़ कर वापस चली गई थी। टीम ने अपनी रिपोर्ट में
प्रबंधन को कई कमियां गिनाई थीं। इन कमियों को दूर करने के लिए 31 दिसंबर
तक का वक्त दिया गया था।
पीजीआई प्रबंधन पूरी तरह से कमियों को दूर करने
में जुटा रहा। इसके चलते डॉक्टरों की छुट्टियां भी रद की गई थी। बुधवार को
आई टीम में चार सदस्य शामिल रहे। सुबह 10 बजे टीम वीसी डॉ. ओ. पी. कालरा के
चैंबर में गई। यहां औपचारिकताएं पूरी करने के तुरंत बाद ही निरीक्षण शुरू
कर दिया गया। चारों सदस्यों ने एक साथ निरीक्षण न करते हुए चार अलग-अलग
विभागों से शुरुआत की।
किसी ने पीजी स्टूडेंट्स से जुड़ी जानकारी ली और
स्टूडेंट्स के दस्तावेजों को खंगाला तो किसी ने वार्डों में जाकर वहां
मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इसके बाद
यूनिवर्सिटी के विभागों में जाकर वहां की व्यवस्थाओं को परखा। देररात तक
जांच जारी रही। डायरेक्टर डॉ. आर. के. गुप्ता का कहना है कि टीम अपना काम
कर रही है। हम इस मामले में कुछ भी नहीं कह सकते हैं, क्योंकि यह गोपनीय
मामला है।