शहर को महानगरों की तर्ज पर पहली मल्टीलेवल पार्किंग मिली है। अप्रैल माह में पार्किंग को चालू किया जाएगा। इसे खुली बोली के माध्यम से ठेकेदार को दिया जाएगा। नगर निगम 8 अप्रैल को हाउस की बैठक में पार्किंग की फीस तय करेगा। सीएम मनोहर लाल द्वारा ऑनलाइन महाराजा अग्रसेन पार्किंग के उद्घाटन के बाद पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर ने पार्किंग स्थल का निरीक्षण किया और निगम अधिकारियों को जल्द पार्किंग को चालू करने की हिदायत दी।
समय के साथ शहर में वाहनों की संख्या बढ़ती जा रही है। खासकर पुराने शहर में अक्सर जाम की स्थिति बनी रहती है। क्योंकि दुर्गा भवन से लेकर आंबेडकर चौक तक स्थायी पार्किंग नहीं है। अब नगर निगम ने पीपीपी मोड के तहत 25 करोड़ की लागत से पुराने सिटी थाने में मल्टीलेवल पार्किंग एवं वाणिज्यिक बिल्डिंग का निर्माण कराया है। रविवार को पार्किंग के उद्घाटन के बाद पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर पार्किंग स्थल पर पहुंचे और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। ग्रोवर ने कहा कि स्थानीय लोगों को जाम से मुक्ति दिलाने के लिए इस पार्किंग का निर्माण किया गया है। ग्राहकों के अलावा दुकानदार भी पार्किंग में अपने वाहन खड़े कर सकेंगे। पार्किंग को एलिवेटेड फ्लाईओवर रोड की लिफ्ट से जोड़ा गया है।
हाउस तय करेगा पार्किंग की फीस, होटल भी दिया जाएगा निजी हाथों में
निगम के मुताबिक अंडरग्राउंड पार्किंग में 500 से ज्यादा दोपहिया वाहन खड़े हो सकते हैं। जबकि 100 के करीब चार पहिया वाहन खड़े किए जाएंगे। चार पहिया वाहनों के लिए बिल्डिंग की दूसरी, तीसरी व चौथी मंजिल पर व्यवस्था की गई है। तीनों मंजिल को रैंप से आपस में जोड़ा गया है। वाहन चौथी मंजिल से होते हुए एलिवेटेड रोड से आएंगे व वहीं से जाएंगे। पार्किंग का संचालन ठेकेदार करेगा। इसके लिए नगर निगम की ओर से खुली बोली आयोजित की जाएगी। शहीद भगत सिंह पार्किंग में चार पहिया वाहन की फीस 20 रुपये व दोपहिया वाहन की फीस 10 रुपये है। निगम नवनिर्मित अग्रसेन पार्किंग में भी इतनी ही फीस रख सकता है। हालांकि आखिरी फैसला हाउस की बैठक में लिया जाएगा। इसके अलावा बिल्डिंग की चौथी मंजिल पर एक होटल भी है, उसे भी ठेके पर दिया जाएगा।
आठ करोड़ की लागत से बना सामुदायिक केंद्र भी चलाएगा ठेकेदार
निगम की ओर से दो साल में सेक्टर 2 में सामुदायिक केंद्र बनाया गया है। निगम की ओर से केंद्र को संचालन के लिए ठेके पर दिया जाएगा। 8 करोड़ की लागत से बने केंद्र में आसपास के लोग अपने सामूहिक कार्यक्रम आयोजित कर सकेंगे। इसके लिए निर्धारित फीस देनी होगी। फीस नगर निगम हाउस की तरफ से तय की जाएगी।
महाराजा अग्रसेन पार्किंग को अप्रैल माह में ही चालू कर दिया जाएगा। इसके लिए पार्किंग को ठेके पर दिया जाएगा। साथ ही पार्किंग फीस तय होगी। आठ अप्रैल को हाउस की बैठक हो सकती है। बैठक में हाउस पार्किंग संचालन के लिए नियम तय करेगा। इसके अलावा सेक्टर 2 स्थित सामुदायिक केंद्र को भी संचालन के लिए ठेके पर दिया जाएगा।
- प्रदीप गोदारा आयुक्त, नगर निगम
शहर को पार्किंग की आवश्यकता थी, जिसे सरकार ने पूरा कर दिया है। पार्किंग महानगरों के स्तर की बनाई गई है। इससे जाम से राहत मिलेगी। विपक्ष ने पार्किंग के निर्माण में रोड़े अटकाए, लेकिन भाजपा सरकार सबका साथ-सबका विकास के नियम पर चल रही है।
- मनीष ग्रोवर, पूर्व मंत्री, हरियाणा सरकार