रोहतक। रक्षाबंधन पर भाई-भतीजे का मुंह मीठा करने के लिए बहनों ने बाजार से घेवर खरीदना शुरू कर दिया है। इसके चलते जिलेभर में घेवर का बाजार भी सजा हुआ है। असंख्य अस्थायी दुकानों पर भी घेवर की ब्रिकी हो रही है।
खास बात यह है कि रक्षाबंधन तक सभी दुकानों से घेवर बिक जाएगा और लोग इसे खाकर खत्म भी कर देंगे। उसके बाद खाद्य एवं औषधि नियंत्रण विभाग की ओर से लिए सैंपल की गुणवत्ता रिपोर्ट आएगी। ऐसे में घेवर खराब है या इसको खाने से किसी को परेशानी होती है तो इसके लिए ग्राहक की खुद जिम्मेदारी होगी।
वहीं 2024 में रक्षाबंधन पर लिए 30 सैंपल की रिपोर्ट 20 सितंबर को आई थी। इसमें से दो दुकान के सैंपल फेल आए थे। खाद्य एवं औषधि नियंत्रण विभाग एफडीए की टीम रक्षाबंधन के चलते करीब 15 दिनों से सैंपल ले रही है। टीम ने दशहरा से अब तक करीब 50 से अधिक सैंपल लिए हैं। इनमें सबसे अधिक सैंपल घेवर के ही लिए गए हैं जबकि कुछ सैंपल गुलाब जामुन व मावा की बर्फी के भी लिए हैं।
इनकी रिपोर्ट 25 से 30 दिन बाद ही आने की उम्मीद है। इसकी बड़ी वजह लैब पर वर्कलोड होना है। प्रदेशभर से लैब में सैंपल जांच के लिए भेजे जाएंगे। ऐसे में वहां मौजूद स्टाफ पर भी सैंपलाें की जांच का भार पड़ेगा।
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विभाग की ओर से समय-समय पर सैंपल लिए जाते हैं। संदेह होने पर लिए गए नमूनों की जांच रिपोर्ट के लिए भेज दी जाती है। रिपोर्ट आने के बाद नमूना फेल होने पर वैधानिक कार्रवाई की जाती है। -योगेश कादियान, एफएसओ, फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन