रोहतक। दिवाली पर आतिशबाजी से झुलसने या अन्य कारणों से घायल मरीजों को इलाज के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। इसके लिए पीजीआई व सिविल अस्पताल की सेवाएं हाई अलर्ट मोड पर रहेंगी। स्वास्थ्य विभाग ने त्योहार को देखते हुए गंभीर मरीजों को तुरंत राहत पहुंचाने के पुख्ता प्रबंध किए हैं। पटाखों से जलने के केस पीजीआई आने लगे हैं। ऐसे में लोगों को पटाखे चलाते समय एहतियात बरतने की भी जरूरत है।
पीजीआई के आपात विभाग व ट्रामा सेंटर में गंभीर मरीजों के लिए दिवाली पर बेहतर व्यवस्था रहेगी। यहां चिकित्सकों की अतिरिक्त व्यवस्था के अलावा पर्याप्त दवा उपलब्ध कराई गई है। इससे आपात स्थिति में यहां आने वाले मरीज को तुरंत राहत पहुंचाई जा सकेगी। यही नहीं, गंभीर मरीज का जीवन बचने की दिशा में भी जल्द बेहतर कदम उठाना आसान रहेगा। यहां पर्याप्त नर्सिंग स्टाफ व अन्य व्यवस्थाएं भी दुरुस्त की गई हैं। चिकित्सा विशेषज्ञों को भी जरूरत पड़ने पर ऑनलाइन बुलाया जाएगा। इधर, सिविल अस्पताल के आपात विभाग में भी अतिरिक्त स्टाफ तैनात करने के साथ जरूरी दवाएं मुहैया कराई गई हैं। अस्पताल प्रभारी डॉ. पुष्पेंद्र ने कहा कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को उपचार दिया जाएगा। इनके लिए आपातकालीन सेवाएं 24 घंटे चालू रहेंगी।
दिवाली को लेकर विभाग पूरी तरह तैयार है। आपात विभाग व ट्रामा सेंटर में पर्याप्त स्टाफ तैनात किया गया है। सभी जरूरी दवाएं भी उपलब्ध हैं। पटाखे चलाते समय झुलसने के केस आ रहे हैं। इन मामलों में सावधानी बरतने की जरूरत है। -प्रो. वरुण अरोड़ा, जनसंपर्क प्रभारी, पीजीआईएमएस।