भिवाड़ी। वेतन वृद्धि की मांग को लेकर यूआईटी फेस थर्ड औद्योगिक क्षेत्र स्थित अजंता केमिकल्स फैक्टरी में शनिवार को 200 श्रमिकों ने धरना प्रदर्शन किया।
श्रमिकों ने वेतन वृद्धि, शुद्ध पेयजल और अन्य सुविधाओं की मांग को लेकर कंपनी गेट पर नारेबाजी की और मैनेजमेंट को एक लिखित ज्ञापन सौंपा।
श्रमिकों का कहना है कि उन्हें 8 घंटे की ड्यूटी के लिए 11 हजार रुपये वेतन दिया जा रहा है, जो बढ़ती महंगाई में परिवार के गुजारे के लिए अपर्याप्त है। उन्होंने न्यूनतम 17 हजार से 20 हजार रुपये मासिक वेतन, ओवरटाइम पर दोगुनी दर और काम के बाद नहाने की उचित व्यवस्था की मांग की है।
श्रमिक तेजपाल ने बताया कि वह 8 साल से कंपनी में कार्यरत हैं, लेकिन 11 हजार रुपये में परिवार का पालन-पोषण मुश्किल हो रहा है। उन्होंने गैस, कमरे के किराए और बच्चों की फीस का हवाला देते हुए 20 हजार रुपये तक वेतन की मांग की।
महिला कर्मचारी ज्योति ने भी बच्चों की पढ़ाई और घर खर्च चलाने में आ रही कठिनाइयों का जिक्र करते हुए कम से कम 17-18 हजार रुपये वेतन की आवश्यकता बताई।
श्रमिक बाल किशन ने भोजन भत्ता न मिलने की शिकायत की और बताया कि कंपनी 11 घंटे की ड्यूटी के लिए भी केवल 15,419 रुपये दे रही है। श्रमिक रूप राज ने चेतावनी दी कि जब तक उनकी वेतन वृद्धि और अन्य मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक कोई भी कार्यकर्ता काम पर नहीं जाएगा।
कंपनी के प्लांट हेड संजीव कुमार ने इस संबंध में बताया कि कंपनी न्यूनतम मजदूरी से अधिक वेतन दे रही है। उन्होंने कहा कि पीने के शुद्ध पानी, नहाने की व्यवस्था, ओवरटाइम और सुरक्षा से संबंधित लगभग सभी मांगों को स्वीकार कर लिया गया है। बढ़ोतरी सरकार के निर्देशानुसार ही की जाएगी और हर वर्ष नियमित रूप से वेतन में वृद्धि की जाती है। उन्होंने श्रमिकों से 5 दिन का समय मांगा है।