शहर को जाम मुक्त करने के लिए जिस एलीवेटेड रोड का प्लान तैयार किया जा रहा वह लगभग अमृतसर के एलिवेटेड रोड की तरह होगा। हालांकि व्यापारियों और शहर के लोगों की सहूलियत को देखते हुए अंबेड़कर चौक से पुराना बस स्टैंड तक बनने वाले एलिवेटेड रोड के प्लान में थोड़ा बदलाव भी है।
1.85 किमी. तक बनने वाले एलिवेटेड रोड से मुख्य बाजार में उतरने के लिए सीढ़ियां होगी। वहीं वाहनों के लिए रैंप के भी प्लान को शामिल किए जाने पर विचार चल रहा है। इसके बाद शहर के इस सपने को जल्द से जल्द हकीकत में बदलने का काम शुरू हो जाएगा।
एलिवेटेड रोड पर चार जगह बनेंगी सीढ़ियां
1.85 किमी. लंबा एलिवेटेड रोड अंबेड़कर चौक से शुरू होकर छोटूराम चौक होते हुए शांतमई चौक से पुराना बस स्टैंड पर जाकर खत्म होगा। एलिवेटेड रोड की ऊंचाई 25 फुट की होगी, जिसकी लागत 152.83 करोड़ रुपये होगी। वहीं एलिवेटेड रोड पर छोटूराम चौक, शांतमई चौक, भिवानी स्टैंड, पुराना गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल के पास सीढ़ियां बनाई जाएगी, जिससे लोग उससे उतरकर नीचे बाजार में जा सके। एलिवेटेड रोड के दोनों ओर फुटपाथ बनाए जाएंगे।
वाहनों के लिए रैंप का बन रहा प्लान
इसके अलावा सीढ़ियों की तरह एलिवेटेड रोड से वाहन नीचे उतारने के लिए रैंप बनाने का प्लान तैयार हो रहा है। अगर किसी को वाहन से बाजार में आना है तो वह नीचे आ सकता है। जबकि किसी को सीधा जाना है तो वह आराम से शहर में आये बिना ही निकल सकेगा।
अब एलिवेटेड रोड से जुड़ेगा कच्चा बेरी रोड
विधायक मनीष ग्रोवर ने बताया कि पहले कच्चा बेरी रोड पर रेलवे ओवर ब्रिज बनाने का प्लान था, वह पहले तैयार हो चुका था। उनके अनुसार एनसीआर बोर्ड की बैठक में एलिवेटेड रोड की मंजूरी मिलने के बाद फैसला लिया गया है कि इसके तहत कच्चा बेरी रोड पर बनने वाले रेलवे ओवर ब्रिज को कैंसिल कर दिया जाता है। उसको अब एलीवेटेड रोड से जोड़ा जाएगा, जिससे नीचे काफी जगह बचेगी और व्यापारियों को कोई परेशानी नहीं होगी।
हरियाणा का पहला एलिवेटेड रोड होगा: विधायक
एलिवेटेड रोड की मंजूरी मिलने के बाद विधायक मनीष ग्रोवर ने पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों संग सिंचाई विभाग विश्राम गृह में मीटिंग की। वहां विधायक ने कहा कि शहर को जाममुक्त कराने के लिए नेशनल कैपिटल रीजन प्लानिंग बोर्ड ने जिस एलिवेटेड रोड को मंजूर किया है, वह हरियाणा का पहला एलिवेटेड रोड होगा।
एक महीने में छोड़ा जाएगा टेंडर: एसई
पीडब्ल्यूडी के एसई प्रदीप रंजन के अनुसार एक माह में निविदाएं आमंत्रित की जाएगी। लगभग तीन माह की विभागीय प्रक्रिया के बाद काम शुरू कर दिया जाएगा। उन्होेंने कहा कि एलिवेटेड रोड का कार्य मैट्रो की तर्ज पर किया जाएगा, जिससे रोड के दोनों साइड दुकानदारों को कोई परेशानी नहीं होगी और न ही ट्रैफिक व्यवस्था बाधित होगी। कच्चे माल के लिए प्लांट शहर के बाहर लगाया जाएगा। वहां से मैटिरियल तैयार होकर ट्रांजिट मिक्चर के माध्यम से लाया जाएगा।