रोहतक। मॉडर्न ऑनलाइन तबादला नीति के विरोध में बिजली निगम के कर्मचारियों ने बुधवार को सरकार को पत्र भेजा। विरोध प्रदर्शन करते हुए कर्मचारी सर्कल अधीक्षण अभियंता व हरियाणा के अधीक्षण अभियंता को ज्ञापन सौंपा।
ऑल हरियाणा पावर कॉरपोरेशन वर्कर्स यूनियन के सदस्यों ने पत्र हरियाणा सरकार के मुख्यमंत्री व बिजली मंत्री सहित बिजली विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव को भेजा है। उन्होंने ज्ञापन केवल मॉडर्न ऑनलाइन तबादला नीति को बिजली निगमों में लागू नहीं करने के लिए दिया।
यूनियन के राज्य उप प्रधान कर्मबीर सिवाच ने कहा कि सरकार हादसों को दावत देना चाहती है। विभाग में घातक व गैर घातक हादसों की दर सबसे अधिक है। यूनियन इनमें जोखिम भत्ता देने की मांग कर रही है। इसके अलावा एक्स ग्रेशिया की अनावश्यक शर्तों को हटाया जाए।
उन्होंने कहा कि सरकार को खाली पदों पर स्थायी भर्ती करनी चाहिए। कनेक्शन की संख्या के अनुसार नए पद सृजित करने चाहिए। राज्य सचिव धर्मराज कुंडू ने कहा कि 23 अगस्त को राज्य कमेटी की बैठक में अगले कार्यक्रम की घोषणा की जाएगी।
उन्होंने कहा कि रोहतक सर्कल में कर्मचारियों की पदोन्नति में भारी विसंगतियां हैं। डीसी रेट के (अनुबंधित) कर्मचारियों का वेतन 4 साल से नहीं बढ़ा है। इसे उत्तर हरियाणा बिजली निगम के मुख्यालय के अधिकारियों के संज्ञान में लाया जाएगा।
सर्कल की वार्ता कमेटी से जोगेंद्र दांगी, विजयपाल मलिक, सतपाल भारद्वाज, संदीप जांगड़ा, सुनील शर्मा, विकास दहिया, विनोद कुमार, पुष्पेंद्र बल्हारा व राकेश पावडिया ने भाग लिया।