रोहतक। लॉकडाउन की वजह से उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (यूएचबीवीएन) के देय तिथि 15 अप्रैल तय करने से रोहतक के करीब 70-80 हजार उपभोक्ताओं को फायदा हुआ है। वहीं, डिजिटल मोड से बिल का भुगतान करने पर दो फीसदी अथवा अधिकतम 100 रुपये की छूट के चलते कई उपभोक्ताओं ने बकाया बिल का भुगतान करना शनिवार से शुरू कर दिया है। यूएचबीवीएन के चीफ इंजीनियर कॉमर्शियल ने कोरोना वायरस की वजह से हुए लॉकडाउन के चलते बिल के नगद भुगतान पर न सिर्फ रोक लगाई है बल्कि लॉकडाउन से पहले बंटे बिलों की देय तिथि 15 अप्रैल तय कर दी है। इस तिथि पर बिल का भुगतान पर कोई सरचार्ज अथवा ब्याज नहीं लगेगा। बिजली निगम के अफसरों की माने तो देय तिथि बढ़ने का लाभ जिले के करीब 70-80 हजार उपभोक्ताओं को हुआ है। इसके साथ ही डिजिटल मोड नेट बैकिंग, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड, पेटीएम, बीबीपीएस, नेफ्ट से बिल का भुगतान करने पर दो फीसदी अथवा अधिकतम 100 रुपये की भी राहत मिलेगी। चीफ इंजीनियर कॉमर्शियल ने कहा है कि दो फीसदी अथवा अधिकतम 100 रुपये का लाभ नगद नहीं मिलेगा बल्कि आगामी बिल में समायोजित किए जाएंगे।
बिल का वितरण कार्य पूरी तरह से किया बंद
बिजली निगम ने लॉक डाउन होने के साथ ही बिलों का वितरण कार्य पूरी तरह से ठप कर दिया है। जिसके तहत देहात के एरिया में उपभोक्ताओं को बांटने के लिए बनाए गए बिल दोबारा से अपडेट रीडिंग के साथ बनाए जाएंगे।
कैश काउंटर शनिवार से कर दिया गया बंद
बिजली निगम ने चीफ इंजीनियर कॉमर्शियल का आदेश आने के बाद बिल जमा का कैश काउंटर शनिवार से बंद कर दिया है। यह काउंटर लॉक डाउन खत्म होने के बाद आदेश आने पर ही खुलेगा।
बिलों की देय तिथि 15 अप्रैल होने का लाभ जिले के करीब 70-80 हजार उपभोक्ताओं को मिला है। इस दौरान राहत पाने वाले उपभोक्ता डिजिटल मोड से भी भुगतान कर सकते हैं, जिससे दो फीसदी या अधिकतम 100 रुपये का आगामी माह में लाभ मिलेगा। लॉकडाउन के बाद के बाद बिलों का वितरण बंद कर दिया गया जिसके चलते दोबारा से बिल बनाकर उपभोक्ताओं तक पहुंचाए जाएंगे।
-एसके बंसल, एसई, बिजली निगम रोहतक।