संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिला नगर आयुक्त (डीएमसी) ब्रह्मप्रकाश अहलावत ने शुक्रवार की सुबह नगर परिषद कार्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान तमाम खामियां मिलीं। प्रापर्टी आईडी से संबंधित कई फाइलें और नक्शे से संबंधित 31 फाइलें लंबित होने पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए संबंधित को फटकार लगाई।
डीएमसी सुबह साढ़े नौ बजे नगर परिषद कार्यालय पहुंच गए थे। उनके आने की सूचना लीक हो गई, जिसकी वजह से ज्यादातर कर्मचारी कार्यालय में उपस्थित मिले। डीएमसी ने हाजिरी रजिस्टर भी चेक किया। इसके बाद एक-एक कमरों में आम लोगों से जुड़े कार्यों की फाइलों की जांच की।
एमई नरेश को छोड़कर कई टेबल पर फाइलें लंबित थीं। वीरपाल जेई के पास शहर के विकास कार्यों से जुड़े कार्यों की फाइलों को चेक करते हुए डीएमसी ने कहा कि विकास कार्यों में तेजी लाई जाए।
डीएमसी ने ईओ सुशील कुमार भुक्कल को आदेश दिया कि वह नगर परिषद कार्यालय के बाहर एक सूचना पट लगाएं, जिसमें अंकित होना चाहिए कि आम लोगों का कौन सा काम कितने समय में पूरा हो जाएगा।
मैरिज सर्टिफिकेट से संबंधित कक्ष में पता चला कि मैरिज सर्टिफिकेट बनवाने के लिए लोगों को 11 अलग-अलग कागजात साथ लगाने होते हैं। डीएमसी ने कहा कि मैरिज सर्टिफिकेट के लिए सिर्फ तीन ही कागजात जरूरी है। उन्हें जमा कराने के बाद सर्टिफिकेट बनाएं। वेवजह लोगों को कागजों के जाल में नहीं उलझाएं।
इस दौरान डीएमसी ने बताया कि दो माह के अंदर नगर परिषद की तरफ से अतिक्रमणकारियों के दो लाख रुपये के चालान किए गए हैं। डीएमसी ने यह भी कहा कि शहर में बेसहारा गोवंश कुछ एक होंगे, ज्यादातर के पालक है, लेकिन वह उन्हें बेसहारा के रूप में छोड़ देते है। ऐसे पशु पालकों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई का खाका तैयार किया जा रहा है।