23सीटीके04..पीजीआई के नया डायरेक्टर डॉ सुरेश सिंघल। संवाद
रोहतक। पीजीआईएमएस हरियाणा का पहला मेडिकल कालेज है। इसे अस्पताल व चिकित्सा शिक्षा संस्थान के रूप में बेहतर बनाना है। संस्थान का गौरव बढ़ाते हुए मरीजों को उच्च गुणवत्ता का इलाज उपलब्ध कराया जाएगा। संस्थान को नई ऊंचाई पर ले जाने का हर संभव प्रयास किया जाएगा। यह कहना है पीजीआईएमएस के नए निदेशक डॉ. एसके सिंघल का। वे शनिवार को निदेशक का कार्यभार संभालने के बाद अपना संदेश दे रहे थे।
निदेशक ने कहा कि चिकित्सकों व कर्मचारियों के लिए कार्य स्थल पर अच्छा वातावरण उपलब्ध कराने का प्रयास रहेगा। इससे वे कार्य के प्रति सर्वश्रेष्ठ प्रदान कर सकेंगे। विद्यार्थियों को बेहतर उच्च चिकित्सा शिक्षा मुहैया कराने का भी पूरा प्रयास किया जाएगा। सरकार की स्वास्थ्य नीतियों का फायदा जन-जन तक पहुंचाई जाएगी। मरीजों को अस्पताल में किसी भी परेशानी का सामना नहीं करना होगा। संस्थान के चिकित्सकों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों व आमजन के लिए मेरे दरवाजे हमेशा खुले रहेंगे।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य एवं शिक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए काम किया जाएगा। स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के लिए हर छोटी से छोटी बात पर ध्यान दिया जाएगा। अपने सभी सहयोगियों को साथ लेकर कार्य करने का प्रयास रहेगा। निदेशक पद की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मुझे सौंपी गई है। इस जिम्मेदारी का निर्वहन करने के लिए सभी के साथ व सहयोग की जरूरत है। मिलकर प्रयास करेंगे तो पीजीआईएमएस को टाॅप 50 कालेजों से टाॅप 10 मेडिकल काॅलेजों में शामिल कराएंगे। इस जिम्मेदारी के लिए निदेशक ने राज्यपाल व विश्वविद्यालय के कुलाधिपति बंडारू दत्तात्रेय, हरियाणा सरकार, मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री व चंडीगढ़ में आसीन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का आभार जताया।
कौन हैं डॉ. एसके सिंघल
वर्ष 1961 में जन्मे। वर्ष 1982 में पीजीआई से एमबीबीएस की। वर्ष 1987 में पीजीआईएमईआर चंडीगढ से एमडी की। वर्ष 1989 से पीजीआई में विभिन्न पदों पर रहते हुए 2008 में सीनियर प्रोफेसर बने। वर्ष 2021 से निश्चेतन विभाग के अध्यक्ष हैं। पीजीआईएमएस में कार्डियक सर्जरी शुरू करने वाली टीम के सदस्य रहे। हरियाणा में पहली हृदय सर्जरी कराई। एमडीयू व यूएचएसआर में विभिन्न दायित्वों पर कार्यरत रहे हैं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इनके 118 पब्लिकेशन हैं। डाॅ. एसके सिंघल को डॉक्टर्स प्राइड अवार्ड्स 2022 व हेल्थ केयर अवार्ड 2024 समेत कई अवार्डों से नवाजा जा चुका है। इन्होंने एसएचकेएम, जीएमसी, मेवात में प्रोफेसर और प्रमुख के रूप में प्रतिनियुक्ति पर पांच महीने तक कॉलेज शुरू कराने व एमसीआई की मंजूरी प्रदान के लिए भी कार्य किया है।