सांपला नहर में डाला गया बारिश का गंदा पानी। संवाद
सांपला। जन स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही कस्बावासियों की सेहत बिगाड़ सकती है। जन स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही को लेकर लोगों में रोष पनप रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि माइनर में डाला जाने वाला गंदा पानी विभाग की लापरवाही से जलघरों में भी जा रहा है।
बारिश के पानी की निकासी के लिए सरकार ने पहले बेरी रोड स्थित दुलहेड़ा माइनर पर पंप लगाए थे। सांपला, खेड़ी सांपला, इस्माईला के खेतों से बारिश व बाढ़ का पानी निकालने के लिए यह कदम उठाया गया। प्रशासन ने कस्बे में बारिश व गंदे पानी की निकासी इन्हीं पंपों से शुरू कर दी।
जन प्रयास सेवा समिति के प्रधान सुंदर व रौनक मलिक को इस बारे में पता लगा तो इसका विरोध किया। उन्होंने कहा कि इस संबंध में प्रशासन से बार-बार शिकायत कर चुके हैं लेकिन समाधान नहीं किया जा रहा है।
जलघर से सीधा पानी कस्बे में सप्लाई होता है। विभाग के एसडीओ अनिल कुमार ने बताया कि जेई को निर्देश दिए गए हैं कि सिंचाई विभाग जब नहर में हेड से पानी छोड़ेगा, तभी मोगा खोला जाएगा। शेष समय इसे बंद रखा जाएगा।