एलिवेटेड रेलवे ट्रैक के निर्माण कार्य के चलते बंद बजरंग भवन फाटक से शहर में यातायात व्यवस्था दुरुस्त रखना प्रशासन और पुलिस के लिए मशक्कत भरा कार्य बन गया है। शीला बाईपास फाटक पर ट्रैफिक को नियंत्रित करना प्रशासन के लिए एक चुनौती है। फिलहाल स्कूलों की छुट्टियां होने से कुछ राहत है, लेकिन सोमवार से स्कूल खुलने के बाद समस्या और अधिक विकराल हो सकती है। इसी के चलते जिला प्रशासन ने शुक्रवार से शहर में ऑड - ईवन क्रम में ऑटो चलाने का फैसला लिया है। डीसी ने आदेश दिया है कि शहर के ट्रैफिक को सुचारु करने के लिए शुक्रवार से ऑड - ईवन क्रम में ऑटो का संचालन किया जाएगा। उनका कहना है कि बजरंग भवन फाटक के बंद होने से शहर में जाम की स्थिति बनी रहती है। इसे कम करने के लिए यह फैसला लिया गया है। वहीं, हरियाणा प्रदेश ऑटो रिक्शा चालक संघ के जिला प्रधान का कहना है कि हमसे न ही पूछा गया, न ही हमें बताया गया है। हम इसका कड़ा विरोध कर प्रदर्शन करेंगे।
दूसरी ओर, डीसी ने कहा कि अगर मैं ऑटो चालकों से बात व सलाह कर आदेश पारित करता तो इतने में निर्माणाधीन कार्य पूरा हो जाता। इसलिए मैने चालकों से बात नहीं की, ऑटो यूनियन के प्रधानों की पुलिस प्रशासन के साथ मीटिंग हो चुकी है। ऑटो चालक इस आदेश को सख्ती से अमल में लाएं। वहीं ऑटो एसोसिएशन के प्रधान विक्की का कहना है कि इस बारे में प्रशासन ने उनसे न पूछा है और न ही बताया गया है। फिर हम क्यों आदेश मानें।
हालांकि शहर में ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारु रूप से चलाने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन संजीदगी से लगे हैं। कभी रूट डायवर्ट, कभी अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की तैनाती, कभी सिग्नल लाइट के समय में फेरबदल का विचार तो कभी लोगों को व्यक्तिगत तौर पर जागरूक किया जा रहा है। इसी बीच वीरवार को जिला प्रशासन की ओर से शुक्रवार से ऑटो को ऑड - ईवन क्रम में चलाने के बारे में आदेश जारी किए गए हैं। इस आदेश के बाद से ऑटो यूनियनों के प्रधान और ऑटो चालकों में काफी रोष दिखाई दिया। ऑटो चालकों का कहना है कि आदेश पारित तो कर दिए गए हैं, लेकिन इसके लिए न ही उन्हें बताया गया है और न ही उनसे पूछा गया है। इसलिए वह इस आदेश के विरोध में हैं और शुक्रवार को एक मीटिंग कर उपायुक्त से मीटिंग करेंगे। सभी ने चेताया कि अगर किसी तरह से उनके पक्ष में हल नहीं निकला तो वह प्रदर्शन करेंगे।
हमसे न ही पूछा गया, न ही हमें बताया गया है। इससे पहले भी कभी ऑड - ईवन चलाने के लिए मीटिंग की गई है तो हमने प्रशासन का सहयोग किया है। इस बार इस फैैसले का कड़ा विरोध करते हुए प्रदर्शन करेंगे।
- विक्की, जिला प्रधान, हरियाणा प्रदेश ऑटो रिक्शा चालक संघ।
शहर के ट्रैफिक को सुचारु करने के लिए शुक्रवार से ऑड - ईवन क्रम में ऑटो का संचालन किया जाएगा। बजरंग भवन फाटक के बंद होने से शहर में जाम की स्थिति बनी रहती है। इसे कम करने के लिए यह फैसला लिया गया है। ऑटो चालकों से मीटिंग कर सलाह करने और फिर आदेश पारित करने की तिथि तय करने तक बजरंग भवन फाटक पर चल रहा निर्माण कार्य पूरा हो जाता। इसलिए चालकों से बातचीत न कर ऑटो यूनियन के प्रधानों की पुलिस प्रशासन के साथ मीटिंग हो चुकी है। ऑटो चालक इस आदेश को सख्ती से अमल में लाए।
- आरएस वर्मा, उपायुक्त।
इस तरह बिना बताए और बिना पूछे किसी के विपक्ष में फैसला ठीक नहीं है। इस फैसले के विरोध में हूं। शुक्रवार को मीटिंग कर आगामी रणनीति अपनाई जाएगी।
- राजेंद्र दहिया, प्रधान, न्यू रोहतक ऑटो रिक्शा कल्याण समिति।
25 दिन में सिर्फ बारह दिन ही काम करना पड़ेगा। प्रशासन बताए की बारह दिन काम करने से क्या तो हम कमाई करेंगे, क्या बचा पाएंगे। प्रशासन को हमारे बारे में भी कुछ सोचना चाहिए।
- रीना, ऑटो चालक।
आटो ही सिर्फ कमाई का साधन है। अगर इसी में ऑड ईवन लागू हो जाएगा तो हमारे लिए तो समस्या पैदा हो जाएगी। एक दिन आटो नहीं चलाएंगे तो क्या उस दिन का खर्चा प्रशासन देगा।
- मीना, ऑटो चालक
महीने में ऑटो की किस्त भी भरनी पड़ती है। अगर ऑड-ईवन लागू हुआ तो किस्त न भरने के कारण बैंक में हमारा व्यवहार भी खराब हो जाएगा। क्या शहर में सिर्फ ऑटो का ही जाम लगता है।
- राजकुमार गांधी, न्यू रोहतक ऑटो रिक्शा कल्याण समिति सदस्य।
हम प्रशासन के साथ हैं। लेकिन प्रशासन को भी हमारा साथ देना चाहिए। आखिर ये फैसला लेने से पहले हमसे पूछा या बताया क्यों नहीं गया। इस फैसले के विरोध में है।
- सुरेश शर्मा, महासचिव, न्यू रोहतक ऑटो रिक्शा कल्याण समिति।