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Rohtak News: एशियाई चैंपियनशिप में दम दिखाएंगी प्रदेश की बेटियां

Thu, 04 Jun 2026 06:50 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
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12-एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप में चयन के बाद कोच मनदीप के साथ मौजूद ​खिलाड़ी। स्रोत : कोच
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संवाद न्यूज एजेंसी
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रोहतक। थाईलैंड में 27 जून से 5 जुलाई तक अंडर-20 व अंडर-15 एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप का आयोजन किया जाएगा। इसमें रोहतक के छोटूराम स्टेडियम में अभ्यास करने वाली सविता दलाल, मुस्कान मलिक, विनाक्षी फोगाट, मोहिनी डागर व दीपांशी वर्मा अंडर-20 और अंडर-15 में भाग लेंगी।
कोच मनदीप ने बताया कि दिल्ली में हुए ट्रायल में अंडर-20 के 62 किलो भार वर्ग में पिलाना की सविता दलाल व 65 किलो भार वर्ग में मोखरा की मुस्कान मलिक का चयन हुआ है। अंडर-15 के 46 किलो में रिठाल की विनाक्षी फोगाट, 50 किलो में मोहिनी डागर और 58 किलो में दीपांशी वर्मा का चयन हुआ है।
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झज्जर जिले के छपार की मोहिनी के पिता अजय डागर ने बताया कि बेटी ने जनवरी 2026 के अंडर-14 नेशनल में स्वर्ण पदक, हरियाणा फेडरेशन की ओर आयोजित स्पर्धा में रजत और वर्ष-2025 के स्कूली नेशलन में कांस्य पदक जीता था। मोहिनी ने साल 2019 में खेलने शुरू किया था।
भिवानी के उत्तम नगर निवासी दिपांशी के पिता विजेंद्र सिंह ने बताया कि उनकी बेटी ने वर्ष-2026 के अंडर-15 नेशनल चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीता था। अंडर-14 स्कूल कुश्ती चैंपियनशिप में एक-एक रजत और कांस्य जीता था। 2022 में खेलने शुरू करने वाली दीपांशी की देखभाल मामा सुरेंद्र कर रहे हैं।
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सविता दलाल वर्ल्ड चैंपियनशिप में जीत चुकी हैं तीन पदक

पिलाना की सविता दलाल के पिता सुनील कुमार बताते हैं कि बेटी ने वर्ष 2017 में खेलने शुरू किया था। सब जूनियर वर्ल्ड चैंपियनशिप में दो स्वर्ण जीता था। एशियन चैंपियनशिप में दो स्वर्ण, जूनियर एशियन चैंपियनशिप में स्वर्ण व जूनियर वर्ल्ड चैंपियनशिप में भी स्वर्ण जीता है। सुनील ने बताया कि वर्ष 2026 में ही अल्बानिया में आयोजित सीनियर वर्ल्ड रैंकिंग में कांस्य पदक जीता है। सविता दलाल ने अपने दादा पहलवान मुख्तार सिंह दलाल की प्रेरणा से खेलने शुरू किया था।
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छत्तीसगढ़ में भारत केसरी व बामला में हरियाणा केसरी बनीं थी मुस्कान
मुस्कान मलिक ने वर्ष-2021 में कुश्ती की शुरूआत की। इसके अगले ही साल चिकित्सकों ने उनके घुटने में पानी बनने की बात कही। इसके बाद वर्ष-2023 तक मुस्कान को घर पर ही रहना पड़ा। वापसी करने के बाद मुस्कान ने लगातार कई पदक जीते। मुस्कान के पिता श्रीभगवान खेती करते हैं। 2025 में उसने सीनियर फेडरेशन कप में रजत पदक जीता। मुस्कान का पहली बार पिछले वर्ष अंडर-20 में अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए चयन हुआ था। मुस्कान छत्तीसगढ में भारत केसरी और बामला में हरियाणा केसरी की उपाधि भी हासिल की है।
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