कोहरे के कारण दिल्ली रोड, हिसार रोड, सुनारिया जेल, जसिया, कच्चा बेरी रोड पर हुए हादसे
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सर्दी अभी पूरी तरह से शुरू भी नहीं हुई है और अचानक आए स्मॉग ने पहले ही दिन कहर बरपा दिया। स्मॉग के कारण बृहस्पतिवार सुबह जिले में पांच जगह दुर्घटनाएं हुईं। दुर्घटनाएं भी ऐसी हुईं कि हर जगह कई वाहन एक साथ भिड़ गए। इन पांच जगहों पर 30 से ज्यादा वाहन भिड़े और उनमें लगभग 20 लोग घायल हो गए। एक जगह कार भिड़ने पर पूरा परिवार घायल हो गया। इन सभी घायलों को पीजीआई व निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जिनमें से अधिकतर को उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। वहीं, स्मॉग आने के बावजूद प्रशासन की ओर से वाहन चालकों के लिए कोई विशेष इंतजाम नहीं किए गए हैं। सड़कों पर न ही सफेद पट्टी खींची गई और न ही संकेतक बोर्ड लगाए गए हैं।
दिल्ली-हिसार नेशनल हाइवे पर महम के पास बृहस्पतिवार सुबह कोहरे के कारण बस से कार की भिड़ंत हो गई। जिसके बाद लगातार आठ वाहन आपस में भिड़ते चले गए और उनमें सवार लगभग पांच लोग घायल हो गए। उनमें से तीन को पीजीआई के लिए भेजा गया तो दो का उपचार निजी नर्सिंग होम में कराया गया। इसके अलावा सुनारिया जेल व पीटीसी सेंटर के पास एक स्विफ्ट डिजायर कार कोहरे के कारण डिवाइडर पर चढ़ गई। उसके पीछे आ रहे दस वाहन उससे टकरा गए जिसमें कई लोग घायल हो गए। इसके अलावा सुनारिया से कुछ दूर आगे जसिया गांव के पास जलेबी चौक के पास भी कई वाहन आपस में भिड़े और वहां भी कई लोग घायल हुए। दिल्ली रोड पर खरावड़ पुल के पास, बेरी रोड पर भी स्मॉग के कारण हादसे हुए। बेरी रोड पर हुए हादसे में पूरा परिवार घायल हो गया, जिनमें रोहतक के लक्ष्मी दत्त शर्मा, पत्नी सुमन, बेटी जीनू, बेटा शीनू शर्मा घायल हो गए। इनके अलावा दुर्घटनाओं में झज्जर के सचिन, सांपला के सत्यवान, जयभगवान, भिवानी के अजमेर, लाखनमाजरा के संजू, संजय, संदीप, नौशाद, बलवान, सुग्रीव घायल हो गए। इनमें से काफी को सीआरपीएफ व पुलिस के जवानों ने पीजीआई में भर्ती कराया। क्योंकि पीटीसी के पास हुए हादसे में सबसे ज्यादा लोग घायल हुए थे।