कस्बे में फल-फूल रहा शराब का अवैध कारोबार ठेकेदार के लिए आफत बन गया है।
दस दिन पूर्व शराब की अवैध बिक्री को लेकर अनशन करने वाले अंग्रेजी शराब
ठेकेदार पर शुक्रवार रात करीब साढे़ नौ बजे एक दर्जन बदमाशों ने हमला कर
दिया। ठेकेदार को लहूलुहान कर आरोपी दुकान से 50 हजार रुपये भी लूट ले गए।
पुलिस
को दी शिकायत में हिसार के गांव सातरोड निवासी ठेकेदार रामबीर ग्रेवाल ने
बताया कि शुक्रवार रात को वह निगाना मोड़ पर स्थित अपनी दुकान के बाहर खड़े
थे। अचानक एक दर्जन युवक आए और गाली-गलौच करने लगे। जब विरोध किया तो
उन्होंने डंडों और कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। जान बचाने के लिए दुकान के
अंदर भागे ठेकेदार को युवकों ने वहां भी नहीं छोड़ा।
ठेकेदार को लहूलुहान
कर युवक दुकान के गल्ले में रखे करीब 50 हजार रुपये लेकर फरार हो गए।
वारदात की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने ठेकेदार को कलानौर के
अस्पताल भिजवाया। जहां से उसे सिविल अस्पताल रेफर कर दिया गया। पुलिस ने
पीड़ित रामबीर के बयान के आधार पर जिंदरान निवासी सोमबीर, गुलाब, अजय सहित
दस अन्य के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
पुलिस ने किया पीछा
वारदात
के तुरंत बाद आसपास के लोगों ने पुलिस को मामले की सूचना दी। इस पर पुलिस
कुछ ही देर में मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने आरोपियों का पीछा भी किया लेकिन
वे भागने में कामयाब हो गए। व्यापारी के हाथ, कंधे सहित शरीर के अन्य
हिस्सों पर चोट आई है।
हमला नहीं हत्या करना चाहते थे आरोपी
व्यापारी
रामबीर ने बताया कि जिस तरह से आरोपियों ने उन पर हमला किया वह लूट नहीं
हत्या के इरादे से ही ठेके पर आए थे। आरोपियों ने कई बार सिर और गर्दन में
कुल्हाड़ी और रॉड से वार करने का प्रयास किया मगर वह बचते रहे। इसके बाद
आसपास के लोग इकट्ठा हो गए। फिर आरोपी मौके से भाग खड़े हुए।
हमलावरों में पुलिसकर्मी का बेटा भी शामिल
ठेकेदार
पर हमला करने के आरोपियों में एक पुलिसकर्मी का बेटा भी शामिल है। पीड़ित
ने जैसे ही पुलिसकर्मी के बेटे को पहचानने की बात कही। आरोपी युवक कार से
कुल्हाड़ी निकाल लाया।
इसके बाद ठेकेदार पर कुल्हाड़ी से कई वार किए।
सूत्रों की मानें तो हमलावरों में शामिल युवक का पिता सीआईए में कार्यरत
है। व्यापारी ने पुलिसकर्मी के बेटे की हमले में शामिल होने की व्यक्तिगत
वजह बताई।