एक तरफ जहां भारतीय सीमा सुरक्षा बल के जवान देश की रक्षा के लिए सीमा पर अपने प्राण न्यौछावर कर रहे हैं वहीं दूसरी तरफ बीएसएफ के दो जवानों ने परिवार और बल को शर्मसार करने का काम किया है। दो बीएसएफ के जवानों ने अपने नेशनल पहलवान दोस्त के साथ पूर्व जिला बार एसोसिएशन प्रधान की पत्नी, बहन और जीजा के साथ छेड़खानी और बदसलूकी की है। जब वकील ने विरोध किया तो आरोपियों ने वीडियो बनाकर फेसबुक पर अपलोड करने की धमकी दी। पुलिस ने इस मामले में बीएसएफ के जवान समचाना निवासी सुमित, गढ़ी सिसाना निवासी अमित और नेशनल पहलवान बखेता के मोनू उर्फ नीरज को गिरफ्तार किया है।
जांच अधिकारी एएसआई अश्वनी कुमार ने बताया कि विकास नगर निवासी पूर्व जिला बार प्रधान 2 नवंबर को अपनी पत्नी, बहन और जीजा के साथ सत्यम मॉल में मूवी देखने गए थे। पूरा परिवार रात नौ से बारह बजे वाला शो देख रहा था। पुलिस के मुताबिक जिस कतार में वकील का परिवार बैठा था ठीक उससे अगले वाली कतार में उनके सामने तीनों आरोपी बैठे थे।
मूवी के बीच में तीनों आरोपियों ने काफी शोर मचा रखा था। आरोप है कि तीनों बार बार पीछे मुड़कर देख रहे थे। इस पर वकील ने तीनों को सही तरीके से बैठकर मूवी देखने की बात कही। इसी बात पर युवक बिफर गए। उन्होंने वकील के साथ अभद्रता शुरू कर दी। फिर आरोपियों ने वकील के परिवार की महिलाओं से छेड़खानी की। आरोपियों की हरकतों में सुधार न होता देख वकील ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
विरोध किया तो कपड़े उतारकर की अश्लीलता
आरोपियों ने मूवी देखने के दौरान बेशर्मी की सारी हदें पार कर दी। जांच अधिकारी ने बताया कि जब वकील ने आरोपियों की हरकतों का विरोध किया तो एक आरोपी ने अपनी शर्ट उतारकर सिनेमा के अंदर ही अश्लीलता शुरू कर दी। इतना ही नहीं आरोपियों ने वकील के परिवार की वीडियो बनाने का भी प्रयास किया। साथ ही धमकी दी कि वीडियो बनाकर फेसबुक पर अपलोड करेंगे। पुलिस ने बताया कि आरोपियों में शामिल सुमित का पिता दिल्ली पुलिस में कार्यरत है। जबकि अन्य दो आरोपियों के पिता खेतीबाड़ी करते हैं।
पहचान छिपाई तो जुड़ी एक ओर धारा
पुलिस जब तीनों आरोपियों को पकड़कर थाने लेकर पहुंची तो उनसे पूछताछ की गई। जांच अधिकारी अश्वनी ने बताया कि आरोपियों ने पहले तो पुलिस को काफी देर तक गुमराह किया। एक भी आरोपी ने अपने सही नाम व पते के बारे में नहीं बताया। इस पर पुलिस ने थोड़ी सख्ती से पूछताछ की तो आरोपियों ने अपने सही नाम व पते के बारे में बताया। आरोपियों में शामिल सुमित फिलहाल जवाहर नगर सोनीपत में रहता है। तीनों ने अपने अपने पेशे के बारे में बताया। बाद में पुलिस ने गलत नाम व पता बताने पर एफआईआर में आईपीसी की धारा 419 को भी शामिल कर दिया।
मैं कई मेडल जीत चुका अब नहीं होगी गलती
मॉल के अंदर वकील और न ही अन्य किसी की बात सुनने वाला आरोपी मोनू गिरफ्तार होने के कुछ घंटे बाद पुलिस के सामने गिड़गिड़ाने लगा। पुलिस ने जब उससे पूछताछ की तो उसने बताया कि वह पेशे से पहलवान है। देश के कई हिस्सों में खेलकर पहलवानी में मेडल जीत चुका है। आरोपी ने कहा कि वह भविष्य में ऐसी हरकत नहीं करेगा। इसके अलावा दोनों जवान भी अपनी करनी पर शर्मिंदा थे।
5 दिन बाद जाना था ड्यूटी पर
मामले में गिरफ्तार किए गए बीएसएफ के दोनों जवानों को घटना के पांच दिन बाद अपनी ड्यूटी पर जाना था। जांच अधिकारी के अनुसार पूछताछ में आरोपी सुुमित ने बताया कि उसकी ड्यूटी जम्मू कश्मीर में है जबकि अमित ने बताया कि उसकी पोस्टिंग मध्यप्रदेश के जबलपुर में है। दोनों ही जवानों को सात नवंबर को वापस ड्यूटी पर जाना था लेकिन उससे पहले ही घटिया हरकत ने उन्हें जेल भेज दिया। जांच अधिकारी का कहना है कि शुक्रवार को आरोपियों ने कोर्ट में जमानत अर्जी लगाई थी लेकिन कोर्ट ने जमानत याचिका खारिज कर दी।