महम के गांव किशनगढ़ स्थित ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स (ओबीसी) की शाखा में चोरों ने सोमवार रात सेंधमारी की। लेकिन तोड़फोड़ की आवाज सुनकर ग्रामीणों को भनक लग गई। ग्रामीणों के सक्रिय होते ही चोर फरार हो गये। वारदात की सूचना मिलने के आधा घंटे बाद नाइट डोमिनेशन के तहत गश्त कर रही पुलिस ने प्रदेश की कई बैंकों में वारदात कर चुके गिरोह के एक गुर्गे सुनील को दबोच लिया। जबकि उसके तीन साथी फरार हो गए। सुनील ने लूट और चोरी की सात वारदातों का खुलासा किया है। पूछताछ में सुनील ने बताया कि इन वारदातों से गिरोह के हाथ 2 करोड़ 41 लाख 29 हजार रुपये लगे हैं। बताया जा रहा है कि धुंध की वजह से सुनील पुलिस को देख नहीं पाया इस कारण पुलिस के हत्थे चढ़ गया।
पुलिस के मुताबिक, बलंभा रोड पर ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स की शाखा है। बैंक से क ई दुकानें सटी हैं। चोर रात करीब 12 बजे सेंधमारी करके बैंक में घुसे। इसके बाद स्ट्रांग रूम तक पहुंचने के लिए उसकी सेफ्टी ग्रिल को काटना शुरू किया। काफी प्रयास के बाद भी जब सेफ्टी ग्रिल नहीं खुली तो उस पर हथौड़े मारने लगे। हथोड़े के चोट की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण जाग गए। ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए सूचना पुलिस को दे दी। चोरों को ग्रामीणों के सक्रिय होने का पता चला तो वह फरार हो गये। रात को एसपी पंकज नैन ने नाइट डोमिनेशन रखा था। जैसे ही पुलिस को बैंक में चोरी की वारदात की सूचना मिली तो नाकेबंदी कर दी। इसके बाद पुलिस ने बैंक के आसपास से ही वारदात में शामिल रहे आरोपी सुनील को दबोच लिया। उसकी पहचान सोनीपत के छतहरा निवासी सुनील सिंह के रूप में हुई है। सुनील पहले भी बैंक लूट और चोरी की कई बड़ी वारदातों में शामिल रहा है। पुलिस सुनील को बुधवार को कोर्ट में पेश करके रिमांड पर लेगी, ताकि अन्य वारदातों का खुलासा कर सके।
वारदात के समय लग्जरी गाड़ियों से चलते हैं आरोपी
पुलिस के मुताबिक गिरोह के गुर्गे वारदात के समय लग्जरी गाड़ियों में चलते हैं, ताकि कोई उन पर शक न कर सके। पुलिस ने सुनील को दबोचने के बाद निशानदेही करवाकर एक लग्जरी कार बरामद की है। कार का नंबर दिल्ली का है। इसी गिरोह ने छह दिसंबर को गांव ब्राह्मणवास में भी ओरियंटल बैंक ऑफ कामर्स में सेंधमारी की थी। हालांकि, यहां आरोपी वारदात को अंजाम नहीं दे पाए थे। पुलिस ने बैंक अधिकारी संदीप भदौरिया की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ महम थाने में केस दर्ज किया है।
नेटवर्क की दिक्कत न हो इसलिए लिया वॉकी टॉकी का सहारा
गिरोह के गुर्गे आधुनिक तरीके से वारदात को अंजाम देते हैं। गिरोह वारदात के समय वॉकी-टॉकी का प्रयोग करते हैं, ताकि वारदात के समय आपस में बात करने में दिक्कत न हो। ब्राह्मणवास बैंक की सेंधमारी में आरोपियों के पास वॉकी टॉकी सेट थे। किशनगढ़ के बैंक में घुसने के बाद आरोपियों ने सीसीटीवी कैमरे के तार काट दिये थे। इस कारण उनका फुटेज नहीं मिल सका।
पहले तोड़ा बैंक से लगी दुकान का शटर, फिर तोड़ी बैंक की दीवार
बदमाशों ने वारदात को अंजाम देने के लिए पूरी तैयारी कर रखी थी। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उन्होंने पहले बैंक से लगी एक दुकान का शटर तोड़ा। फिर बैंक की दीवार को तोड़कर अंदर घुसे। इसके अलावा बैंक के रोशनदान को उखाड़ दिया। इसी तरह से कुछ दिन पहले ब्राह्मणवास में भी चोर बैंक में घुसे थे।
ग्रामीण क्षेत्र में बने बैंक थे निशाने पर
गिरोह के निशाने पर अधिकतर ग्रामीण क्षेत्र के बैंक होते थे। क्योंकि ग्रामीण क्षेत्रों के अधिकतर बैंकों में रात को न तो सिक्योरिटी गार्ड की व्यवस्था है न ही पुलिस की गश्त ठीक से होती है। चाहे वह सोनीपत के सैयदपुर स्थित बैंक की बात हो या ब्राह्मणवास, रेवाड़ी और महेंद्रगढ़ में वारदात की बात हो। वारदात से पहले गिरोह का एक एक सदस्य रेकी करता था। रेकी के बाद वारदात को अंजाम दिया जाता था।
तीन आरोपी फरार
पुलिस ने मौके से सुनील को भले ही दबोच लिया, लेकिन उसके तीन साथी पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं। अब आरोपी से उसके साथियों के बारे में पूछताछ की जा रही है। कुछ आरोपियों की तलाश में पुलिस ने देर रात कई जगहों पर छापेमारी भी की। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को दबोच लिया जाएगा।
हर जगह वारदात का एक ही तरीका
बदमाश्ों ने अधिकतर वारदात एक ही तरीके से की है। सबसे पहले बैंक की उस साइड को देखते थे जहां पर आसपास के लोग नहीं होते, ताकि वह ग्राइंडर की मदद से आसानी से दीवार को काट सकें। ब्राह्मणवास और किशनगढ़ की वारदात में ऐसा ही देखने को मिला। यहां चोरों ने इस तरीके से सेंधमारी की कि किसी को ग्राइंडर मशीन की आवाज सुनाई ही नहीं दी।
ये आरोपी है फरार
1. मोनू वासी गांव ईस्माइला रोहतक
2. संजीत वासी गांव ईस्माइला (रोहतक) हाल महावीर एनक्लेव द्वारका (दिल्ली)
3. कृ ष्ण वासी गांव बराही, बहादुरगढ (झज्जर) हाल रोहतक
वारदात में प्रयुक्त हथियार
- तीन पिस्तौल .315 बोर, 18 कारतूस (कारतूस व मैंगजीन बरामद)।
- तीन वॉकी टॉकी सेट (एक वॉकी टॉकी सेट सुनील से बरामद)।
- मौके से एक लग्जरी कार बरामद हुई है
- ग्राइंडर मशीन, हथौडे़, घण व अन्य हथियार (ग्राइंडर मशीन व अन्य सामान मौके से बरामद)।
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गिरोह के अन्य आरोपियों की तलाश में छापेमारी की जा रही है। जल्द ही उनकी गिरफ्तारी की जाएगी।
- पंकज नैन, एसपी रोहतक