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आनलाइन आर्डर प्राप्त होते ही लोगों को नशा उपलब्ध कराने पहुंच जाता है गिरोह

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हेडिंग : ऑनलाइन आर्डर मिलते ही लोगों को नशा उपलब्ध कराते हैं गिरोह
-एक मैसेज पर ही हेरोइन और अफीम देने के लिए बताए स्थान पर पहुंच जाते हैं गिरोह के सदस्य
-गिरोह में दिल्ली, नाइजीरिया, बिहार और अफ्रीका के सबसे अधिक सदस्य
-नशीले पदार्थ पहुंचाने में चोरी की बाइक और स्कूटी का करते हैं प्रयोग
महबूब अली
रोहतक। एसटीएफ द्वारा पकड़े गए नशे के सौदागरों के संबंध में एक और खुलासा हुआ है। गिरोह की खासियत यह है कि व्हाट्सएप, फेसबुक आदि पर भी ऑर्डर मिलने पर सदस्य नशीले पदार्थ लेकर बताए गए स्थान पर पहुंच जाते हैं। यही नहीं नशीले पदार्थों की डिलिवरी के लिए चोरी की गई बाइक और स्कूटी का इस्तेमाल करते हैं। एसटीएफ को गिरोह के संबंध में कई अहम जानकारियां हाथ लगी हैं।
हाल ही में हरियाणा एसटीएफ ने अफ्रीकी युवक फिरमिन को हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया था। इससे पूर्व में नाइजीरिया के एक युवक को भी गिरफ्तार किया गया था। एसटीएफ सूत्रों के अनुसार आरोपी से की गई पूछताछ और अब तक की जांच में पता चला है कि गिरोह के सदस्य दिल्ली के अलावा यूपी के गाजियाबाद, नोएडा, हरियाणा, पंजाब के विभिन्न स्थानों के लोगों से व्हाट्सएप ओर फेसबुक के माध्यम से भी संपर्क में रहते हैं। यदि व्हाट्सएप और फेसबुक पर कोई भी हेरोइन और अफीम आदि का ऑर्डर देता था तो गिरोह के सदस्य चोरी की गई बाइक और स्कूटी के माध्यम से मौके पर पहुुंच जाते हैं। हालांकि, ऑनलाइन ऑर्डर प्राप्त होने के बाद पूरी छानबीन के बाद ही नशीले पदार्थ बताए गए स्थान पर पहुंचाए जाते हैं। इसके लिए गिरोह के सदस्य अपने पर्सनल फेसबुक एकाउंट का ही प्रयोग करते हैं। जबकि व्हाट्सएप ग्रुप में विभिन्न स्थानों के लोगों को जोड़ा हुआ है। गिरोह का सरगना ही ग्रुप का एडमिन है। वहीं जांच पड़ताल के बाद नशीले पदार्थों की खरीदारी और गिरोह से जुड़े लोगों को ग्रुप में जोड़ता था। एसटीएफ कई मोबाइल नंबरों को भी सर्विलांस पर लेकर जांच कर रही है। एसटीएफ ने कई अहम सुराग हाथ लगने का दावा किया है।
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दिल्ली की स्पेशल सेल नहीं कर रही सहयोग
एसटीएफ सूत्रों का कहना है कि नशे का कारोबार करने वाले अधिकतर लोग दिल्ली से ही कारोबार को चलाते हैं। बावजूद इसके दिल्ली पुलिस और स्पेशल सेल आरोपियों को पकड़वाने में सहयोग नहीं कर रही। इस कारण एसटीएफ गिरोह के सरगना तक नहीं पहुंच पा रही है।
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स्कूल कॉलेजों के आसपास बनाते हैं ठिकाना
पूछताछ में पकड़े गए आरोपी ने खुलासा किया है कि हेरोइन और अन्य नशीले पदार्थों को बेचने के लिए वह स्कूल कॉलेजों के बाहर डेरा डालते हैं। कुछ छात्रों को पता होता है कि वह नशीले पदार्थ बेचने के लिए ही आए हैं। वहीं अन्य छात्रों को अपने साथ लाकर नशीले पदार्थों की बिक्री कराते हैं।

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नशे का कारोबार करने वाले गिरोह में 300 से अधिक लोग शामिल
-नाइजीरिया और अफ्रीका के भी पचास से अधिक लोग विभिन्न स्थानों पर सप्लाई कर रहे नशा
-बिहार के मजदूर वर्ग के भी लोगों को गिरोह में जोड़ा गया, कई छात्राएं और महिलाएं भी संभाल रही गिरोह की कमान
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। दिल्ली से नशीले पदार्थों की सप्लाई करने वाले गिरोह में 300 से अधिक लोग अफ्रीका, नाइजीरिया, बिहार, यूपी और हरियाणा के शामिल हैं। एसटीएफ की जांच में यह बातें सामने आई हैं। पुलिस को किसी तरह का शक न हो, गिरोह में इसके लिए छात्राओं और महिलाओं को भी जोड़ा गया है।
पंजाब में नशीले पदार्थों की बिक्री करने वालों पर सख्त कानून बनने के बाद से हरियाणा ही सॉफ्ट टारगेट बना हुआ है। हालांकि, हरियाणा पुलिस और एसटीएफ मिलकर नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई करने वालों पर शिकंजा कस रही है। एसटीएफ के एएसआई तेजबीर सिंह ने बताया कि अभी तक की जांच में सामने आया है कि हरियाणा समेत विभिन्न स्थानों पर हेरोइन और अन्य नशीले पदार्थों की सप्लाई करने वाले गिरोह में एक दो नहीं 300 से अधिक बिहार, यूपी, हरियाणा, अफ्रीका और नाइजीरिया के लोग शामिल है। जिन्हें कुछ दिनों में अमीर आदमी बनाने का सपना दिखाकर गिरोह में शामिल किया गया है। यही नहीं पता चला है कि गिरोह में दिल्ली की ग्रेजुएशन कर चुकी कुछ छात्राएं व महिलाएं भी शामिल हैं। कुछ मजदूर तबके के लोग भी गिरोह से जुड़कर विभिन्न स्थानों पर नशा सप्लाई कर रहे हैं। हालांकि, एसटीएफ ने गिरोह के तिलिस्म को तोड़ने के लिए ताना बाना बुन लिया है। दिल्ली की स्पेशल सेल से भी इस संबंध में सहयोग मांगा गया है।
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आका ने रखे हैं 40 से अधिक सुरक्षा गार्ड
एसटीएफ को पता चला है कि नशीले पदार्थों की सप्लाई करने वाले गिरोह के सरगना ने अपनी सुरक्षा के लिए 40 से अधिक सुरक्षा गार्ड रखे हुए हैं। हालांकि, गिरोह का सरगना किसी के सामने नहीं आता है। वह चंद लोगों के ही संपर्क में रहता है। बाकी कार्य गिरोह के सदस्य ही करते हैं।
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दिल्ली के कई स्थानों की छानी खाक
हरियाणा एसटीएफ ने गिरोह सरगना और अन्य सदस्यों की तलाश में मंगलवार को दिल्ली के उत्तमनगर, सरोजनी नगर की खाक छानी, मगर सफलता हाथ नहीं लग सकी। एक टीम ने गिरोह के सदस्यों को पकड़ने के लिए दिल्ली में ही डेरा डाल दिया है।
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