कोरोना के संक्रमण को रोकने के लिए किए गए लॉकडाउन को दो सप्ताह बीत गए हैं। एक तरफ सामाजिक संस्थाएं भूखे लोगों तक दो वक्त की रोटी पहुंचाने में व्यस्त हैं तो पार्षदों ने सरकारी सहायता से वंचित गैर पंजीकृत क्षेत्र के श्रमिकों व जरूरतमंदों का 4500 रुपये मासिक योजना में पंजीकरण कराने का बीड़ा उठाया है। किसी ने पूरे परिवार को इस समाजसेवा में लगा दिया है तो कोई दिनभर कागजात के प्रिंट निकालकर फार्म भरने में व्यस्त है। तीसरा, मेयर मनमोहन गोयल ने भी कहा है कि अगर कोई पार्षद पात्र लोगों का पंजीकरण नहीं करवा पा रहा है तो फार्म भरकर उन्हें दे जाए। वे प्रशासन के सहयोग से पंजीकरण करवा देंगे। हालांकि जिले के 42 हजार हरे राशन कार्डधारक परेशान हैं, क्योंकि उनको न तो डिपो पर गुलाबी, पीले व खाकी कार्डधारक की तरह राशन मिल रहा और न ऑनलाइन साढ़े 4 हजार वाली योजना में पंजीकरण हो रहा है।
सरकार की ओर से कोरोना को रोकने के लिए दो सप्ताह पहले 21 दिन के लिए लॉकडाउन लागू किया था, जो तीसरे सप्ताह में प्रवेश कर रहा है। लॉकडाउन के चलते लोग घरों में बंद हैं। गरीब व श्रमिक वर्ग के सामने रोजी रोटी का संकट बना हुआ है। क्योंकि ऐसे लोग हर रोज कमाकर पेट पालते थे। सरकार ऐसे वर्ग को अलग-अलग योजनाओं के माध्यम से सहायता पहुंचा रही है। इसमें गुलाबी, पीले व खाकी राशन कार्डधारकों को डिपो के माध्यम से तीन माह का राशन मुफ्त दिया जा रहा है। जबकि गैर पंजीकृत असंगठित क्षेत्र के लोगों को सरकार 4500 रुपये मासिक दे रही है। हालांकि शर्त है कि आवेदक के पास राशन कार्ड न हो और दूसरी योजना के तहत पंजीकरण न करवाया हो। ऐसे लोगों का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करवाया जा रहा है, लेकिन प्रशासन ने सीएससी सेंटर बंद कर रखे हैं, ताकि भीड़ एकत्रित न हो। ऐसे में पार्षदों ने लोगों के पंजीकरण कराने के लिए अलग-अलग तरीके निकाले हैं।
पूरे परिवार को असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों व जरूरतमंदों के पंजीकरण में लगा रखा है। बेटे के पास सीएससी हैं। वे खुद व्हाट्सएप पर लोगों का आधार कार्ड, बैंक पासबुक व मोबाइल नंबर मंगवाते हैं। उनकी पत्नी एवं पूर्व पार्षद नीरा भटनागर लोगों को समझाती है कि कैसे ओटीपी नंबर बताना है। जबकि बेटा पंजीकरण करता है। पूरा परिवार अब तक 3200 लोगों का पंजीकरण करवा चुका है।
नरोतामल भटनागर, पूर्व पार्षद नगर निगम
न केवल वार्ड, बल्कि दूसरे एरिया के लोगों के भी व्हाट्सएप पर आधार कार्ड, बैंक पासबुक व मोबाइल नंबर ले रहा हूं। फिर उनका अपने प्रिंटर से प्रिंट निकालकर फार्म भरता हूं। इसके बाद ऑपरेटर को देकर आता हूं। अब तक 70 लोगों का पंजीकरण करवा चुुका हूं। जबकि 250 फार्म भरकर तैयार कर दिए हैं। उनको मंगलवार सुबह ऑपरेटर को देकर आऊंगा।
अशोक खुराना, पार्षद पति वार्ड-13
वार्ड में सैकड़ों लोग सरकारी योजना के लिए पंजीकरण कराने के लिए आ रहे हैं, लेकिन किसी तरह सीएससी सेंटर के एक ऑपरेटर से बात की है। फिलहाल लोगों से फार्म भरकर ले रहा हूं। कल से पंजीकरण करवाऊंगा। अभी कुछ ही लोगों का पंजीकरण करवा सका हूं।
अनिल कुमार, पार्षद वार्ड-21
मेरे दोस्त राकेश गोंसाई के पास सीएससी सेंटर हैं। उससे आग्रह किया था कि वह इस विकट हालात में लोगों की निशुल्क सेवा करे। मैं खुद व्हाट्सएप नंबर पर संबंधित व्यक्ति का आधार कार्ड, बैंक पासबुक की कॉपी व मोबाइल नंबर लेता हूं। फिर खुद रजिस्ट्रेशन करवाता हूं। अब तक 125 लोगों का रजिस्ट्रेशन करवा चुका हूूं।
गुलशन ईशपुनियानी, पार्षद वार्ड-15
सोमवार को 200 लोगों का ऑनलाइन पंजीकरण कराया है। इसके लिए एक सीएससी सेंटर संचालक से संपर्क किया है, जो निशुल्क पंजीकरण कर रहा है। इस दौरान भीड़ एकत्रित नहीं होने दी जा रही है। लोगों से कहा है कि वे व्हाट्सएप पर कागजात भेजें।
सूरजमल किलोई, पार्षद पति वार्ड-20
भीड़ एकत्रित होने से रोकने के लिए प्रशासन ने सीएससी सेंटर बंद करवा रखे हैं। वैसे तो 1100 नंबर डायल करने से भी रजिस्ट्रेशन हो रहा है, लेकिन नंबर व्यस्त ज्यादा रहता है। ऐसे में पार्षद अपने एरिया के लोगों के कागजात ऑनलाइन मंगवाएं। इसके बाद भरकर मुझे दे जाएं या संपर्क करें। मैं प्रशासन से बात करके भरवा दूंगा। किसी को परेशान होने या एकत्रित होकर कहीं जाने की जरूरत नहीं है। क्योंकि कोरोना को रोकने के लिए लॉकडाउन के नियमों का पालन करना अनिवार्य है।
मनमोहन गोयल, मेयर, नगर निगम।
व्यापारी नेता भी आए सामने, 150 लोगों का कराया पंजीकरण
उधर, झज्जर रोड घनीपुरा ट्रेडर्स एसोसिएशन के प्रधान राजू भुटानी ने भी सोमवार को 150 लोगों का पंजीकरण कराया। इसमें पार्षद पति दीपू नागपाल का सहयोग लिया गया है, जिन्होंने सीएससी सेंटर चलाने वाले एक युवक को यह जिम्मेदारी दी है। इसके अलावा मार्केट में प्रधान ने छिड़काव भी कराया। इसके अलावा वार्ड-16 की पार्षद डिंपल जैन ने करीब 400 लोगों का पंजीकरण कराया है।