संवाद न्यूज एजेंसी
रोहतक। लघु सचिवालय स्थित सभागार में शुक्रवार को उपायुक्त सचिन गुप्ता ने महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा बैठक की। अधिकारियों से कहा कि बच्चों के पोषण के स्तर को सुधार कर सामान्य बच्चों में शामिल करें।
उन्होंने कहा कि जिले के सभी 1004 आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से 0 से 6 वर्ष आयु वर्ग के 1 लाख 21 हजार 948 बच्चों, 11 हजार 391 गर्भवती और 5 हजार 256 धात्री माताओं का विवरण पोषण ट्रैकर मोबाइल ऐप पर दर्ज किया गया है। इससे लाभार्थियों की नियमित निगरानी और पोषण संबंधी सेवाओं की प्रभावी डिलीवरी सुनिश्चित की जा रही है।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि बच्चों की प्रतिभा को निखारने के लिए सभी 1004 आंगनबाड़ी केंद्रों में चित्रकला, कहानी वाचन, गीत और अन्य रचनात्मक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। महिला आश्रम एवं विधवा-निराश्रित गृह में 29 परिवारों के 45 सदस्य निवास कर रहे हैं। जिले में अगस्त 2024 से दत्तक ग्रहण केंद्र (एडॉप्शन सेंटर) संचालित है।
अब तक इस केंद्र में 14 बच्चों में से 11 बच्चों को इच्छुक परिवारों को गोद दिया जा चुका है। एक बच्चे को उपायुक्त सचिन गुप्ता की ओर से आज इच्छुक परिवार को गोद दिया गया। इस अवसर पर सहायक आयुक्त प्रशिक्षु विशाल सिंह, विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी दीपिका सैनी, संरक्षण अधिकारी करमेंद्र कौर, जिला बाल संरक्षण अधिकारी कुलदीप सिंह, सीडीपीओ राजकला, डिंपल, दीपिका, जिला समन्वयक रिंकू कुमारी, निहारिका गोमट सहित अन्य संबंधित अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे