नई टैक्स पॉलिसी के तहत चैरिटी के नाम पर आयकर से छूट लेने वाली शैक्षणिक, सामाजिक व धार्मिक संस्थाओं को अब न केवल नए सिरे से आयकर विभाग से प्रमाण पत्र लेना होगा, बल्कि हर पांच साल बाद चैरिटी साबित करनी पड़ेगी। आयकर विभाग के आंकड़ों के मुताबिक जिले की दर्जनों संस्थाएं आयकर से छूट ले रही हैं। इसके लिए फार्म नंबर 12 भरा जाता है।
इनकम टैक्स एक्सपर्ट संजय थरेजा ने बताया कि सरकार की तरफ से चैरिटी का काम करने वाली संस्थाओं को आयकर से छूट दी जाती है। इसमें सरकार से सहायता प्राप्त शैक्षणिक संस्थाओं के अलावा सामाजिक व धार्मिक संस्थाएं भी शामिल हैं। नियमों के तहत संस्थाओं का पहले पंजीकरण कराना पड़ता है। पंजीकृत संस्था को एक बार आयकर विभाग से यह प्रमाण पत्र लेना पड़ता था कि उसकी आय व व्यय सामाजिक हित के लिए है। किसी तरह का मुनाफा या कारोबार नहीं किया जाता। ऐसे में उनको आयकर से छूट दी जाए। आयकर विभाग जांच पड़ताल के बाद छूट देता है। शनिवार को केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश बजट में प्रावधान किया गया है कि वित्त वर्ष में हर नई व पुरानी संस्था को आयकर विभाग से प्रमाण पत्र लेना होगा कि वह चैरिटी का कार्य कर रही है। किसी तरह का कारोबार नहीं है। आयकर विभाग जांच पड़ताल के बाद हरी झंडी देगा। इसके अलावा हर पांच साल में यह जांच होगी। अब तक ऐसी व्यवस्था नहीं थी।
रेलवे ट्रैक के किनारे लगेंगे सोलर प्लांट
बजट के अंदर रेलवे लाइन के किनारों पर सोलर प्लांट स्थापित करने का प्रावधान किया गया है। इसमें रोहतक में रोहतक से दिल्ली, रोहतक से रेवाड़ी, रोहतक से पानीपत व रोहतक से भिवानी रेलवे लाइन है। हालांकि अभी तय नहीं हुआ है कि रेलवे सोलर प्लांट लगाने के लिए रोहतक जिले का चयन करेगा या नहीं।
ऐतिहासिक यादों को संजोने के लिए बनेंगे म्यूजियम
केंद्रीय वित्त मंत्री ने राष्ट्रीय स्तर पर पुरातत्व विभाग से जुड़े पांच स्थानों को पर्यटन स्थल के तौर पर विकसित करने का निर्णय लिया है, इसमें पांच राज्यों हरियाणा, यूपी, गुजरात, असम व तमिलनाडु में पुरातत्व विभाग के स्थानों पर म्यूजियम स्थापित किए जाएंगे, जहां खुदाई के दौरान मिली ऐतिहासिक सामग्री को संजोकर रखा जाएगा। रोहतक शहर के रोहतास गढ़ व महम के ज्ञानी चोर की बावड़ी का जिक्र महाभारत काल में भी मिलता है। रोहताश गढ़ के अवशेष आज भी खोखराकोट इलाके में मिलते हैं, जहां से मिली ऐतिहासिक सामग्री को संजोकर रखने के लिए अभी कोई म्यूजियम नहीं है। जिले के खोखराकोट और महम की बावड़ी को केंद्र की ओर से विकसित किया जाएगा।
बजट पर प्रतिक्रियाएं
युवाओं को मिलेगा काम, बढ़ेगी आय
बजट में हर व्यक्ति का ख्याल रखा गया है। किसानों के लिए 16 सूत्री एजेंडे पर सरकार काम करेगी। करीब 100 लाख करोड़ रुपये के इन्वेस्टमेंट से 6 हजार 500 प्रोजेक्ट पर काम होगा। इससे युवाओं के रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। छोटे शहरों में नए अस्पताल बनेंगे। 100 नए हवाई अड्डे बनेंगे। स्टार्ट अप में उद्योगपतियों के लिए लिमिट 100 करोड़ रुपये करने, 1 अप्रैल से नई सरल जीएसटी व्यवस्था लागू करने, गरीब व मध्यम वर्ग के लिए बैंकों में 5 लाख रुपये तक की सुरक्षित गारंटी देने जैसे कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। वेतन भोगी कर्मचारियों को आय कर के नए स्लैब से ऐतिहासिक राहत दी है। इस बजट से जहां लोगों की इनकम बढ़ने के साथ-साथ बचत में वृद्धि होगी वही, अनेक सेक्टर में इन्वेस्टमेंट से देश की अर्थव्यवस्था में तेजी और मजबूती आएगी।
मनीष ग्रोवर,पूर्व सहकारिता मंत्री ग्रोवर
मध्यम वर्ग की उम्मीदें पूरी
अर्थव्यवस्था में सुस्ती और बढ़ती बेरोजगारी के बीच मोदी सरकार ने आज आम बजट पेश किया। मोदी सरकार ने दूसरे कार्यकाल के बजट में टैक्स स्लैब मे एतिहासिक बदलाव किया है। डीडीटी पूरी तरह से हटा दिया है। जल्द नई शिक्षा नीति लाई जाएगी। इसमें हायर एजूकेशन को बढ़ावा दिया जाएगा। जिला अस्पताल में मेडिकल यूनिवर्सिटी बनाने का प्रस्ताव रखा जाएगा। सरकार इन्वेस्टमेंट क्लियरेंस सेल बनाएगी। निर्भीक योजना के तहत छोटे निवेशकों को सरकार ज्यादा बीमा कवर देगी, साथ ही उन्हें बीमा पर कम प्रीमियम देना होगा।
शमशेर खरक, जिला मीडिया प्रभारी भाजपा