अरब सागर में बने साइक्लोन ताउते (चक्रवाती तूफान) ने बुधवार अलसुबह गुजरात के तटों पर लैंडफॉल किया। साइक्लोन का महाराष्ट्र, गोवा, गुजरात, राजस्थान के साथ हरियाणा में भी असर पड़ा है। प्रदेश में 20 मई को भी बुधवार की तरह बारिश की संभावना है। एचएयू के कृषि एवं मौसम विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. मदन लाल खीचड़ के मुताबिक, ताउते लैंडफॉल के बाद कमजोर होना शुरू हो गया है। साइक्लोन का रूप ले चुके तूफान के प्रभाव से नमी वाली हवाएं चलने लगी हैं। इससे राजस्थान के ऊपर डिप्रेशन बनने की संभावना है। इन्हीं नमी वाली हवाओं के कारण 20 मई को भी हरियाणा के आसपास एक लो प्रेशर एरिया बने रहने की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव से वीरवार को तेज हवाओं व गरज चमक के साथ बारिश की संभावना है। इधर, मौसम में बदलाव के कारण बुधवार को दिनभर रिमझिम बारिश होती रही। हवाओं के साथ हुई बारिश ने तापमान में गिरावट दर्ज की गई। बुधवार को अधिकतम तापमान 21.5 डिग्री व न्यूनतम तापमान 21.8 डिग्री सेल्सियस रहा। वीरवार को भी तापमान 21 डिग्री के आसपास बने रहने की संभावना है।
ताऊते पर निगरानी के निर्देश
रोहतक। जिला प्रशासन ताऊते तूफान को लेकर सतर्क हो गया है। उपायुक्त (डीसी) कैप्टन मनोज कुमार ने सभी एसडीएम को इस पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। डीसी ने बताया कि प्रदेश के राजस्व व आपदा प्रबंधन विभाग ने ताऊते के मद्देनजर हिदायतें जारी की हैं। तूफान की वजह से पश्चिम उत्तर भारत में भारी वर्षा का अनुमान लगाया गया है। हरियाणा में भी कुछ स्थानों पर 19-20 मई को भारी बारिश और 50-60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चलने की आशंका जताई गई हैं। इसे देखते हुए जिले में आपदा प्रबंधन संसाधनों को सतर्क रखा गया है। नगर निगम कमिश्नर को शहर में सभी रात्रि विश्राम गृहों के निरीक्षण के लिए कहा गया है। रोहतक, महम और सांपला के एसडीएम को लगातार हालात पर नजर बनाए रखने और अपने-अपने क्षेत्रों में सभी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। तहसीलदारों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में मुनादी के माध्यम से ग्रामीणों को जागरूक करें। जिला सूचना व जनसंपर्क अधिकारी को भारी बारिश और तूफान के विपरीत प्रभावों से बचाव के लिए लोगों को जागरूक करने को अभियान चलाने की हिदायत दी गई है।