रोहतक। भारतीय किसान यूनियन की रोहतक इकाई एवं हरियाणा पंजाब एकता मंच की ओर से कृषि कानूनों को वापस लेने के लिए चल रहे किसान की तैयारियों को लेकर प्रेस कांफ्रेंस की। जिसमें भारतीय किसान यूनियन के रोहतक के जिला प्रधान जयभगवान पहलवान व हरियाणा पंजाब एकता मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष सतीश राणा ने बताया कि 26 जनवरी को किसानों की ट्रैक्टर परेड में शामिल होने वाले किसान भाई अपने अपने ट्रैक्टरों पर तिरंगा झंडा लगाकर शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि इस परेड में सभी की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए लोगों से राष्ट्रीय ध्वज दान में देने की अपील की गयी है। राष्ट्रीय ध्वज को उन किसानों को दिया जायेगा, जो ट्रैक्टर परेड में शामिल होंगे।
सतीश राणा ने कहा की किसानों ने अपनी तैयारी पूरी करते हुए सभी जिलों में समन्वय स्थापित किया हुआ है, हर गांव से ट्रैक्टर इस परेड में शामिल होंगे। इसके लिए गांव गांव जाकर हमारी टीम लोगों को जानकारी दे रही हैं। परेड के लिए रूट बनाए जा रहे हैं।
भारतीय किसान यूनियन के जिला प्रधान जय भगवान ने कहा कि हमारा आंदोलन पूरी तरह शांतिप्रिय है और शांतिप्रिय ही रहेगा। उन्होंने कहा कि 26 जनवरी की ट्रैक्टर परेड भी पूरी तरह से शांतिप्रिय रहेगी, इसमें किसी भी तरह के उग्र भाषण अन्य गतिविधियों को अनुमति नहीं होगी।
- सरकार के साथ 19 जनवरी को होने वाली मीटिंग में नहीं हुआ कोई निर्णय तो 26 को फहराएंगे तिरंगा : ऋषि पाल अंबावता
तीनों कृषि कानूनों को रद्द करवाने की मांग को लेकर किसान संगठन लगातार धरने पर बैठे हैं। इसी कड़ी में रविवार को गाजीपुर बॉर्डर पर भारतीय किसान यूनियन अंबावता के राष्ट्रीय अध्यक्ष ऋषिपाल अंबावता की अध्यक्षता में एक मीटिंग का आयोजन किया गया। मीटिंग में हरियाणा से भाकियू प्रदेश अध्यक्ष अनिल नांदल उर्फ बल्लू प्रधान सहित 17 प्रदेशों के पदाधिकारी मौजूद रहे। राष्ट्रीय अध्यक्ष ऋषिपाल अंबावता ने कहा जब तक सरकार इन कृषि विरोधी कानूनों को वापस नहीं लेगी तब तक उनका आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से चलता रहेगा। साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार को कोई भी बैठक या फैसला लेना है तो सभी संगठनों को साथ लेकर ही लेना होगा। बैठक में सभी संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि सरकार कम आदमियों की कमेटी बनाकर बात करना चाहती है जो उन्हें मंजूर नहीं है। उन्होंने कहा कि 19 तारीख को केंद्र सरकार से उम्मीद की जाती है कि किसान संगठनों के साथ सकारात्मक बातचीत करते हुए इन कानूनों को रद्द करने का निर्णय लेगी। अगर ऐसा नहीं होता है तो 26 जनवरी को किसान तिरंगा फहराएंगे।
गांव के लोगों ने बनाई मानव श्रृंखला:
तीनों कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे किसान आंदोलन के समर्थन में 17 जनवरी को कमांडो रामेश्वर श्योराण और सामाजिक कार्यकर्ता सुमन हुड्डा के नेतृत्व रोहतक आईएमटी चौक से बहादुरगढ़ के पकौड़ा चौक टिकरी बार्डर मानव श्रृंखला का आयोजन किया गया। रास्ते में आने वाले गांव के नागरिकों ने इसमें बढ़-चढ़कर भाग लिया। आईएमटी चौक, खेड़ी साध, कल्हावड़, सांपला गढ़ी सांपला, रोहद और मांडौठी गांव के लोगों ने इस मानव श्रृंखला में भाग लिया। खेड़ी साध से बहादुरगढ़ के पकौड़ा चौक तक तिरंगा झंडा लगे दर्जनों गाड़ियां एक साथ चली और 26 जनवरी के कार्यक्रम की रिहर्सल की।