रोहतक। पंजाब एवं हरियाणा बार कौंसिल ने दिवाली से ठीक एक दिन पहले चंडीगढ़ में हुए दीक्षांत समारोह में प्रदेश के 325 युवा वकीलों को लाइसेंस दिया। रोहतक के 17 युवा थे, उनमें अनु वर्मा व अंकुर भी शामिल रहे।
पंजाब एवं हरियाणा बार काउंसिल के चेयरमैन डॉक्टर बिजेंद्र अहलावत ने बताया कि लगातार नए वकीलों को बार कौंसिल की तरफ से लाइसेंस जारी किए जाते हैं। 30 अक्तूबर को हुए दीक्षांत समारोह में हाईकोर्ट के जज विकास बहल ने भी शिकरत की। बहल ने नव नामांकित अधिवक्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि विधि के क्षेत्र में सफल एवं प्रभावशाली करियर के लिए शोध एवं कड़ी मेहनत जरूरी है। इसके लिए छात्रों को गहराई से अध्ययन करने, नए क्षेत्रों की खोज करने तथा जो संभव है उसकी सीमाओं को आगे बढ़ाने होगा। वहीं, चेयरमैन डॉक्टर विजेंद्र सिंह अहलावत ने कहा कि नव नामांकित अधिवक्ता कभी भी अपनी क्षमता को कम न आंके। पूरी ईमानदारी के साथ अपने दिल में करुणा और सहानुभूति के साथ ईमानदारी के उच्चतम मानकों को बनाए रखें। दीक्षांत समारोह के बाद प्रश्नावली का एक इंटरेक्टिव सत्र भी हुआ, जिसमें जज बहल ने युवा वकीलों को कानूनी पेशे के नागरिक पक्ष को भी तलाशने के लिए प्रेरित किया।