ठंड के बावजूद पेट के लिए इंसाफ की लड़ाई लड़ रहे कर्मचारियों को वैश्य
इंजीनियरिंग कॉलेज से 100 मी. दूर कर दिया गया। प्रशासन ने कॉलेज के आस-पास
अब धारा-144 लगा दी। आदेश मिलते ही सुबह-सुबह पुलिसकर्मियों ने कॉलेज में
पहुंचकर कर्मचारियों की तिरपाल उठा दी। इसके बावजूद प्रशासन के इस रवैये से
गुस्साए कर्मचारी 100 मीटर के दायरे से बाहर जाकर हड़ताल पर बैठ गए।
इंजीनियरिंग
कॉलेज में शुक्रवार को कर्मचारियों की हड़ताल का 11वां दिन था। प्रशासनिक
अधिकारियों की कोशिशों के बाद भी कर्मचारियों ने हड़ताल खत्म नहीं की। इसके
चलते डीसी डीके बेहरा ने इंजीनियरिंग कॉलेज में धारा-144 लागू कर दी।
इसमें हवाला दिया गया है कि कर्मचारियों की हड़ताल के कारण क्षेत्र में
शांति व्यवस्था बिगड़ने की आशंका है, जिसके चलते यह कदम उठाया गया है।
डीसी
की तरफ से आदेश मिलते ही पुलिसकर्मी कॉलेज में पहुंच गए और हड़ताल खत्म
करने के मकसद से कर्मचारियों की तिरपाल को उठा दिया। इसका पता चलते ही
कॉलेजियम सदस्य अजय गुप्ता और अन्य लोग भी वहां पहुंच गए। कर्मचारियों ने
प्रशासन के इस रवैये का विरोध जताया और चेतावनी दे डाली कि वह हड़ताल जारी
रखेंगे। कर्मचारियों ने 100 मीटर के दायरे से बाहर जाकर अपनी हड़ताल शुरू
कर दी।
यह है मामला
वैश्य
संस्था के वैश्य पब्लिक स्कूल और वैश्य इंजीनियरिंग कॉलेज से प्रशासक ने
कर्मचारियों को बाहर निकाल दिया है, जिसके विरोध में कर्मचारी इंजीनियरिंग
कॉलेज में हड़ताल पर बैठे हैं। वीआईएमटी के कर्मचारी भी हड़ताल पर बैठकर
समर्थन दे रहे हैं।
यह है प्रशासन का तर्क
धारा-144 केवल
कर्मचारियों और बाहरी लोगों पर ही रहेगी। ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ व
पुलिसकर्मी हड़ताल के दायरे से बाहर रहेंगे। शांति व्यवस्था बनाए रखने के
लिए यह कदम उठाया गया है।
- डीके बेहेरा, डीसी