रोहतक। डाॅ. आंबेडकर मिशनरीज विद्यार्थी एसोसिएशन ने शुक्रवार को महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय में चल रही शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी और अनुसूचित जाति वर्ग के सांविधानिक प्रतिनिधित्व के अभाव को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को ज्ञापन सौंपा है। प्रदेश अध्यक्ष विक्रम सिंह डुमोलिया ने सरकार व विश्वविद्यालय प्रशासन पर आरक्षण नीति के उल्लंघन और जातिवादी मानसिकता को बढ़ावा देने के गंभीर आरोप लगाए हैं।
उनका कहना है कि हरियाणा के 22 विश्वविद्यालयों में कुलपति के लगभग चार पद अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित होने चाहिए, लेकिन आज तक एक भी नियुक्ति इस वर्ग से नहीं की गई है। यह स्थिति न केवल सांविधानिक प्रावधान का उल्लंघन है, बल्कि सामाजिक न्याय की भावना के भी विरुद्ध है।