रोहतक। बलियाणा गांव के विकास उर्फ विक्की हत्याकांड की शुक्रवार को एएसजे राजकुमार यादव की अदालत में सुनवाई हुई। अदालत ने हत्याकांड की साजिश में शामिल होने के आरोपी मोहित को जमानत दे दी। वारदात के बाद से आरोपी न्यायिक हिरासत के चलते जेल में बंद था। जबकि उसके पिता को हाईकोर्ट से जमानत मिल चुकी है।
बचाव पक्ष के वकील एडवोकेट पीयूष गक्खड़ ने बताया कि फरवरी 2021 में बलियाणा गांव निवासी अमित ने शिकायत दी थी कि उसका बड़ा भाई विकास उर्फ विक्की दोस्तों के साथ कार्यालय में ताश खेल रहा था। पांच युवक आए और उसके भाई को गोली मार दी। जबकि तीन-चार युवकों ने दूसरी जगह ताश खेल रहे उसके पिता को गोली मार दी। उसके भाई विक्की की आठ-नौ गोलियां लगने से मौत हो गई। मामले में आईएमटी थाना पुलिस ने मोहित नाम के युवक को वारदात की साजिश में शामिल होने के आरोप में काबू किया था। उसकी जमानत के लिए कोर्ट में अर्जी दाखिल की गई। कोर्ट में तर्क दिया गया कि केस में एक आरोपी ने पूछताछ में कहा है कि वारदात की साजिश में मोहित भी शामिल है। इसके अलावा कोई ठोस सबूत नहीं है। इसके बावजूद मोहित एक साल के करीब समय से जेल में बंद है। कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस के बाद आरोपी मोहित को जमानत दे दी।