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एलोवेरा के फर्जी ईवे-बिल पर बिहार भेजी एक ट्रक अवैध शराब पकड़ी

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सोनीपत शराब तस्करी का मामला अभी थमा नहीं था कि पटना पुलिस ने हरियाणा से आया अवैध शराब से भरा ट्रक कब्जे में करके एक और घोटाला होने पर शक जाहिर कर दिया है। चुनाव के दौरान बिहार में शराब बंदी के बाद हरियाणा से भेजी गई इस खेप के मिलने से सेंट्रल जीएसटी विभाग हलकान है। जिस ट्रक में शराब भेजी जा रही थी उसके लिए गोहना की रजिस्टर्ड फर्म से एलोवेरा का इवेबिल काटा गया है।
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पटना के सेंट्रल जीएसटी आयुक्त ने रोहतक सेंट्रल जीएसटी आयुक्त को पत्र लिख कर कहा है कि हरियाणा से बिहार में अवैध शराब की तस्करी की जा रही है। आठ दिन पहले पटना पुलिस ने एक ट्रक अवैध शराब बरामद की है। जिसका इवेबिल गोहाना से रजिस्टर्ड फर्म हरि ट्रेडर्स से कटा है। इस बिल पर एलोवेरा की खेप वहां भेजी जा रही थी। जबकि जांच में पता चला कि कुछ पेटी एलोवेरा रखी हुई थीं। बाकि उसमें शराब की पेटियां बरामद हुई हैं। इवेबिल पर संदेह होने पर पूरे मामले की जांच के लिए भेजा गया है।
चार माह पहले रजिस्टर्ड हुई है फर्म
जिस फर्म पर इवेबिल काट कर अवैध शराब की तस्करी हो रही है। उस फर्म का रजिस्ट्रेशन गोहना के पते पर हुआ। इस फर्म पर दिया गया पता फर्जी निकला है। हरि ट्रेडर्स नाम की यह फर्म स्क्रैप का भी काम करती है। विभागीय लोगों का मानना है कि शराब की तस्करी के लिए ही इस फर्म का रजिस्ट्रेशन हुआ है।
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इवेबिल निकालकर आर्डर ऑनलाइन हुआ पांच मिनट बाद कैंसिल
जिस इवेबिल पर अवैध शराब पकड़ी गई है। उस बिल को एलोवेरा भेजने के नाम पर काट कर उसका प्रिंट निकाला गया। बाद में उस आर्डर को पांच मिनट बाद ही ऑनलाइन कैंसिल कर दिया गया है। जांच के दौरान इस बात का खुलासा हुआ है।
सोनीपत के खरखौदा में हुआ था शराब तस्करी घोटाला
सूत्रों के मुताबिक इस तरह का घोटाला करने वालों के तार सोनीपत घोटाले से जुड़े हो सकते हैं। सोनीपत के खरखौदा में शराब तस्करी घोटाला सामने आया था। लॉकडाउन के दौरान शराब की तस्करी में कई माफिया के नाम सामने आए थे। इसमें खरखौदा के थाना इंचार्ज से लेकर आबकारी विभाग के लोग भी संलिप्त थे जिनकी गिरफ्तारी हुई थी। गुजरात और पंजाब की डिस्टलरी से कच्चा माल मंगाकर ब्रांडेड शराब बनाकर यूपी, राजस्थान, बिहार और एमपी भेजने की जानकारी मिली थी। रोहतक में भी पिछले दिनों एक ढाबे पर सीएम फ्लाइंग ने छापा मारकर स्प्रिट पकड़ी थी।
पटना सेंट्रल जीएसटी की ओर से आये पत्र के बाद गोहना के हरि ट्रेडर्स फर्म की जांच की जा रही है। इसमें दिया गया पता फर्जी निकला है। रजिस्ट्रेशन के दौरान दिए जाने वाले साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।
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-विजय मोहन जैन, आयुक्त, सेंट्रल जीएसटी, रोहतक।
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