बाढ़सा (झज्जर)। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) की आउटरीच ओपीडी शनिवार को विधिवत रूप से आरंभ हो गई। केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्री गुलाम नबी आजाद और प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने इसे आम जनता को समर्पित कर दिया। इस मौके पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि एम्स-2 में देश में अपनी तरह का 600 बिस्तरों वाला पहला राष्ट्रीय स्तर का कैंसर संस्थान भी बनाया जाएगा, जिसमें करीब 2100 करोड़ रुपए खर्च आएगा। साथ ही विभिन्न बीमारियों के सुपर स्पेशलिटी इलाज के साथ हरियाणा के एम्स-2 में नेशनल हार्ट सेंटर भी विकसित किया जाएगा।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने मुख्यमंत्री के साथ एम्स-2 की ओपीडी का शुभारंभ करने के बाद पत्रकारों से बातचीत में कहा कि बाढ़सा का यह एम्स-2 आधुनिकतम चिकित्सा सुविधाओं के साथ तैयार हो, इसके लिए पूरी दुनिया के डिजाइन कंसलटेंट से सुझाव मांगे गए थे। उन्होंने कहा कि दिल्ली में एम्स देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के समय में स्थापित हुआ था। तब से अब तक आबादी चार गुणा बढ़ी है। अब एम्स दिल्ली के बाहर भी स्थापित हुआ है। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री हुड्डा का आभार जताया कि उन्होंने एम्स-2 के लिए बाढ़सा में 300 एकड़ जमीन मुहैया कराई। आजाद ने एम्स-2 में निजी रुचि और मदद के लिए सांसद दीपेंद्र हुड्डा की पीठ भी थपथपाई। उन्होंने कहा सरकार ने जिस भावना के साथ जमीन उपलब्ध कराई, उसी अनुरूप में मात्र चार महीने के रिकार्ड समय में ओपीडी तैयार कर आम जन को समर्पित कर दी गई है।
ओपीडी में मुफ्त मिलेंगी दवाएं :
आजाद ने कहा कि एम्स-2 की ओपीडी में तमाम सुविधाओं के साथ यह केंद्रीय सरकार के अंतर्गत देश का पहला अस्पताल होगा जहां ओपीडी में भी दवाएं मुफ्त मिलेंगी। उन्होंने कहा इस कैंपस में तमाम बीमारियों के विशेषज्ञ चिकित्सक उपलब्ध रहेंगे और शुरुआत में 1000 हजार मरीज प्रतिदिन यहां इलाज करा सकेंगे। अनुमान है ओपीडी में 25 से 26 हजार मरीज प्रतिमाह इलाज के लिए आएंगे। एम्स-2 की ओपीडी पूरी तरह से कंप्यूटराइज्ड की गई है। गंभीर स्थिति पर मरीज को रेफर करने के लिए एंबुलेंस भी ओपीडी में उपलब्ध रहेगी।
एम्स-2 के लिए गुड़गांव-बादली फोरलेन मंजूर
मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने एम्स-2 के लिए प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री गुलाम नबी आजाद का आभार जताया। संवाददाताओं से बातचीत में मुख्यमंत्री ने बताया कि इस संस्थान तक परिवहन के साधनों की बेहतर कनेक्टिविटी के लिए गुड़गांव से बादली तक फोरलेन सड़क को मंजूरी दी गई है। करीब ढाई सौ करोड़ रुपए की लागत से तैयार होने वाली इस सड़क से हरियाणा ही नहीं, बल्कि दिल्ली, राजस्थान, पंजाब व यूपी जैसे साथ लगते राज्यों के लोगों को लाभ मिलेगा। फोर लेन सड़क के अलावा एम्स-2 केएमपी एक्सप्रेस वे से भी सटा है। उन्होंने कहा कि एम्स-दो परिसर के पहले चरण में ओपीडी सेवा आरंभ की गई है। इस परिसर में स्वास्थ्य मंत्रालय की योजना के मुताबिक देश का प्रमुख विश्व स्तरीय चिकित्सा केंद्र बनना प्रस्तावित है।
एम्स-2 हरियाणा का मेगा प्रोजेक्ट : दीपेंद्र
इस अवसर पर सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने एम्स-दो को हरियाणा के लिए मेगा प्रोजेक्ट बताते हुए गुलाम नबी आजाद और मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा का आभार जताया। उन्होंने कहा कि आउटरीच ओपीडी तो अभी शुरुआत है, जब यहां अन्य चिकित्सा संस्थान खुलेंगे तो हरियाणा ही नहीं, देश भर के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने इस मेगा प्रोजेक्ट के साथ गुड़गांव-बादली फोरलेन सड़क को मंजूरी के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताया।
उद्घाटन कार्यक्रम के हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री राव नरेंद्र सिंह, शिक्षा मंत्री गीता भुक्कल व एम्स के निदेशक प्रो. आरसी डेका, प्रो. वीरेंद्र सिंह, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव शिव रमन गौड़, बादली के विधायक नरेश शर्मा, गोहाना के विधायक जगबीर मलिक, वरिष्ठ कांग्रेसी नेता राज सिंह जाखड़ एडवोकेट, डा. संजय अत्री, पूर्व मंत्री धीरपाल सिंह, जयदीप धनखड़, विकास अहलावत, रमेश बाल्मिकी सहित उपायुक्त अजित बालाजी जोशी व पुलिस अधीक्षक अनिल धवन सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।