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Rohtak News: बखेता ड्रेन में ज्वलनशील कैमिकल डालने से 600 भैसों की चमड़ी खराब, 11 की मौत

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रोहतक। बखेता गांव से निकलने वाली ड्रेन 8बी में अज्ञात व्यक्ति ने फरमाना व जसराना की तरफ से टैंकर से ज्वलनशील केमिकल उसमें डाल दिया। ड्रेन में रोजाना गांव से पशु नहाने व पानी पीने के लिए आते हैं। केमिकल की वजह से गांव के 600 पशुओं की चमड़ी बुरी तरह से गल कर शरीर से उतरने लगी है। अभी तक 11 पशुओं समेत कुछ कटड़ों की मौत हो चुकी है। पशुओं को नहलाने के लिए गए कुछ ग्रामीण भी इसकी चपेट में आ गए हैं। इससे उनकी त्वचा भी लाल पड़ने लगी है। गांव में भय का माहौल बना हुआ है। पुलिस ने सरपंच की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बखेता गांव की सरपंच अंजू ने बताया कि ड्रेन 8बी गोहाना की तरफ से खरखौदा की तरफ निकल रही है। गांव के पास दो कच्चे घाट सिलाना रोड व सिसाना रोड के पास बने हुए हैं। ड्रेन में बने घाटों पर पशुओं व पशुपालकों को हुए नुकसान के बाद गांव में भय का माहौल बना है। गांव के लोगों का संदेह है कि जसराना व फरमाना की तरफ बने पुल से किसी ने टेंकर के माध्यम से यह केमिकल डाला है, क्योंकि मौके पर टायरों के निशान हैं।
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एक से तीन लाख रुपये कीमत की भैसों की गल चुकी त्वचा
ग्रामीणों का आरोप है कि जबसे पशु ज्वलनशील पदार्थ की चपेट में आए हैं, उनकी आंखों से आंसू लगातार बह रहे हैं। उनकी त्वचा गलकर शरीर से उतर रही है। दर्द के कारण पशु चारा भी नहीं खा पा रहे हैं। लोगों के पास एक से लेकर तीन लाख रुपये तक की भैंस हैं, पशुपालकों को धन हानि व पशु हानि होने के साथ उनका दर्द नहीं देखा जा रहा है। गांव के लोगों की समस्या बढ़ चुकी है, रात दिन पशुओं की देखभाल करनी पड़ रही है।

सरपंच प्रतिनिधि ने कहा डॉक्टर सिर्फ इंजेक्शन लगा रहे, नहीं कर रहे इलाज
सरपंच प्रतिनिधि देवेंद्र उर्फ चांद ने बताया कि गांव में पशुओं का बुरा हाल है। उपमुख्यमंत्री से लेकर पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर से भी मिल चुके हैं। लेकिन अभी तक डॉक्टरों की कोई स्पेशल टीम गांव में नहीं पहुंची है। गांव में मौजूद अस्पताल के डॉक्टरों का कहना है कि अपने पशुओं को यहां लेकर आओ। एक आदमी 20 पशुओं को कैसे लेकर जाएगा। इतनी संख्या में पशु धन के जीवन पर संकट आने के बाद डॉक्टरों की टीम को गांव में आना चाहिए। मंगलवार को डॉक्टरों द्वारा कुछ घरों में इंजेक्शन लगाए गए, लेकिन पूरे नहीं लगाए गए हैं। इससे पशु मौत की ओर बढ़ रहे हैं। मंगलवार को भी एक भैंस के मरने से भय का माहौल बना हुआ है।
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इन लोगों के इतने झुलसे पशु
अशोक 50, बलवान 20, राजेन्द्र 25, दयानंद 15, संदीप 19, अशोक 7, जगफूल 3, इंद्र 3, प्रेम 4, रामेश्वर 6, राजेन्द्र 2, मंजीत 9, सरोज 3, रामनिवास 3, राजेन्द्र 4, सुरेन्द्र 2, सत्यवान 2, राजकवार 4, राजेश 4, रामरत्न 5, दयानन्द 3, रामबीर 1, संतोष 2, पवन 6, कुलदीप 7, बलवान 2, बलबीर 1, रमेश 2, नरेश 1, रामरत्न 3, संजय 4, मोहित 5, नरेन्द्र 4, अर्चना 1, धज्जाराम 1, अशोक 3, समुंद्र 15, दलीप 7, बिजेन्द्र 4, जगदीश 24, संजय 1, राजेश 2, सुरेश 4, वेद 10, संजय 2, रमेश 2 व अन्य


हमारी तरफ से डॉक्टरों की टीम निरंतर इस पर काम कर रही है। पर्याप्त मात्रा में इंजेक्शन समेत अन्य दवाइयां भिजवा दी गई हैं। अभी तक किसी भी पशु की मृत्यु नहीं हुई है। टीम लगातार उन पर नजर रखे हुए है।
डॉ. सूर्य खटकड़, उप निदेशक, पशुपालन विभाग
गड्ढे से भरे सैंपल
सरपंच अंजू ने बताया कि उन्होंने केमिकल वाले पानी के सैंपल भरे हैं। इसको जांच के लिए बुधवार रोहतक भेजा जाएगा। इसके लिए वह उपायुक्त से मिलेंगे। उनकी पुलिस से भी मांग है कि नहर में केमिकल डालने वाले का पता लगाएं।
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