रोहतक। नगर निगम के अवैध कॉलोनी में निर्माण की अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) का झांसा देकर 41. 27 लाख के रिश्वत कांड में पुलिस ने 300 पेज की चार्जशीट अदालत में दाखिल की है। चार्जशीट में नगर निगम के पटवारी संदीप खोखर व कौशल निगम के तहत कार्यरत दूसरे पटवारी सुमित उर्फ मोनू को आरोपी बनाया गया है। साथ ही शिकायतकर्ता व उसके दोस्त सहित केस में बैंककर्मी और पुलिस की जांच टीम में शामिल कर्मचारियों सहित 40 से ज्यादा को गवाह बनाया गया है। इतना ही नहीं, आरोपी पटवारी संदीप की जमानत याचिका भी खारिज हो चुकी है।
पांच दिसंबर 2023 को कुताना निवासी मनेंद्र ने आर्य नगर थाने में शिकायत दी थी कि उनके पिता के नाम 24 कनाल जमीन है। 15 मार्च 2017 में उनके पिता की मौत हो गई। अब जमीन उनकी मां सुनील कुमारी, बहन आरती व रश्मि और मनेंद्र के नाम आ गई। उन्हाेंने अपनी जमीन के 815.47 वर्ग गज पर निर्माण कार्य कर रखा है, जिसकी नगर निगम ने प्रॉपर्टी आईडी बना रखी है। तीनों अपना हिस्सा अपनी मां सुनील कुमारी के नाम पर करना चाहते हैं। इसके लिए तहसील में रजिस्ट्री करानी है। पता चला कि रजिस्ट्री कराने के लिए नगर निगम से एनओसी लेनी होगी। इसके बाद वह अपने साथी खिड़वाली निवासी अंकित हुड्डा के साथ नगर निगम कार्यालय में गए, जहां पटवारी संदीप खोखर मिला। आरोप है कि संदीप ने कहा कि एनओसी व प्रॉपर्टी टैक्स जमा कराने का काम खुद ही करवा देगा। बाद में तहसील कार्यालय के पिछले गेट के सामने, भू-शाखा नगर निगम में आने के लिए कहा। वहां पर संदीप व उसका साथी सुमित उर्फ मोनू दहिया मिला। संदीप खोखर ने मोनू को अपना सहायक बताया।
..........
कंप्यूटर में रिकाॅर्ड दिखाकर बोले-जमीन अवैध कॉलोनी में
पीड़ित का आरोप है कि संदीप खोखर व उसके सहायक मोनू दहिया अपने कंप्यूटर में कुछ रिकाॅर्ड दिखाया। बोले - एरिया को निगम ने ब्लैक लिस्ट कर रखा है। पीड़ित ने किसी बड़े अधिकारी से मिलने की बात कही तो आरोपी बोले, किसी तरह की अपील से जमीन से हाथ धो बैठोगे। कुछ दिन बाद आरोपी संदीप खोखर का उसके साथी अंकित के पास फोन आया। बोला कि तुम्हारी जमीन की समस्या का समाधान हो गया है। पीड़ित अपने दोस्त के साथ आरोपी कानूनगो के बुलाने पर एलओ ब्रांच में गए। बोले, सही तरीके से काम कराने पर दो-तीन साल लग जाएंगे। दूसरे तरीके से समाधान करवा दूंगा।
कहकर टैक्स जमा करवा देता हूं, फिर कागजात बन जाएंगे :
पीड़ित का कहना था कि आरोपी संदीप ने कहा कि वह अपने रसूख से टैक्स जमा करवा देगा। इसके बाद प्रॉपर्टी क्लीयर हो जाएगी। फिर एनओसी मिल जाएगी। आरोपियों ने कहा कि वे प्रॉपर्टी टैक्स भी कम करवा देंगे। इसके बाद पीड़ित आरोपियों को राशि देने के लिए तैयार हो गए।
वर्जन
आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने 300 के करीब पेज की चार्जशीट दाखिल कर दी है, जिसमें 40 से ज्यादा गवाह बनाए गए हैं। आरोप तय होने के बाद गवाही की प्रक्रिया शुरू होगी। - एडवोकेट सुशील पांचाल, वकील पीड़ित पक्ष।
वर्जन
पुलिस ने केस में गहनता से जांच की। इसके बाद आरोप पत्र दाखिल कर दिया है। अब अदालत में आरोपों को साबित भी किया जाएगा। जांच में लेनदेन के ठोस सबूत मिले हैं।
रवि खुंडिया, डीएसपी, मुख्यालय।