अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। शहरवासियों को जाम से निजात दिलाने को 150 करोड़ रुपये की लागत से बने दो किलोमीटर लंबे एलीवेटेड रोड पर सोमवार सुबह 11:30 बजे रोहतक डिपो के चालक ने बस चढ़ा दी, जिसका विडियो चंडीगढ़ मुख्यालय पहुंचते ही रोहतक डिपो के अधिकारियाें में हड़कंप मच गया। तुरंत ही चालक पर चार्जशीट की गई और महज एक घंटे में ही दोपहर 12:39 बजे ओवरहेड बैरियर लगाने का काम शुरू कर दिया गया। चालक व परिचालक के खिलाफ ट्रैफिक इंस्पेक्टर को जांच के आदेश कर दिए।
पुराना बस स्टैंड और आंबेडकर चौक के बीच सुबह से शाम तक वाहनों के जाम के हालात रहते थे। इस वजह से वाहन चालकों को चंद दूरी तय करने में घंटों लग जाते थे। शहरवासियों की इस गंभीर समस्या का निदान करने के लिए प्रदेश सरकार के सहकारिता मंत्री ने दो किलोमीटर लंबा एलीवेटेड रोड बनवाया, जो करीब 150 करोड़ रुपये की लागत से बना। तय किया गया इस एलीवेटेड रोड से सिर्फ दोपहिया व छोटे चौपहिया ही आवागमन कर सकेंगे। इस आदेश का पालन कराने के लिए रोड के दोनों तरफ ओवरहेड बैरियर लगने थे, ताकि भारी बड़े वाहन इस रोड से गुजर नहीं सके, जिसे अभी तक नहीं लगाया गया है। यही वजह रही कि सोमवार दोपहर करीब 11:30 बजे पुराना बस स्टैंड से न्यू बस स्टैंड जाने के लिए रोहतक डिपो के चालक-परिचालक ने शॉर्ट काट से बस एलीवेटेड रोड पर दौड़ा दी। जैसे ही बस एलीवेटेड रोड पर चढ़कर करीब 500 मीटर आगे पहुंची, वैसे ही सामने से आ रहे युवकों ने बस की मोबाइल से रिकॉर्डिंग शुरू कर दी। नजदीक में पहुंचे युवकों ने बस को रुकवाकर चालक से एलीवेटेड रोड से बस लेकर जाने के बारे में पूछा तो उसने जाम लगा होने की वजह से इस रास्ते से बस ले जाने की बात कही। जब युवकों ने रिकॉर्डिंग उच्चाधिकारियों को पहुंचने की बात कही तो चालक परेशान हो गए।
कुछ ही देर में युवकों ने रिकार्डिंग चंडीगढ़ में रोडवेज अधिकारियों के पास भेजकर शिकायत कर दी। जैसे ही चंडीगढ़ के अधिकारियों ने पूरे मामले से रोहतक डिपो के अधिकारियों को अवगत कराया तो उन्होंने तत्काल आरोपी चालक सुरेश (डी-31) को चार्जशीट थमा दी। इसके साथ ही ट्रैफिक इंस्पेक्टर को चालक-परिचालक के खिलाफ जांच करके रिपोर्ट एक सप्ताह में देने के आदेश दिए। वहीं, रोड पर बस के चढ़ने की सूचना से कार्यदायी संस्था के अधिकारी हरकत में आ गए। उन्होंने तुरंत रोड पर भारी वाहनों का आवागमन रोकने के लिए ओवर हेड बैरियर लगवाना शुरू कर दिया, जो शाम तक लगा दिया गया।
ट्रैफिक मैनेजर नवीन कुमार ने बताया कि एलीवेटेड रोड पर बस चलाने का मामला चंडीगढ़ तक पहुंच गया है। चालक सुरेश को तत्काल प्रभाव से चार्जशीट थमा दी गई है। चालक-परिचालक के खिलाफ जांच के आदेश कर दिए हैं।
भारी वाहन रोकने के लिए लगना था ओवरहेड बैरियर
एलीवेटेड रोड पर भारी वाहनों का आवागमन पूरी तरह रोकने के लिए ओवरहेड बैरियर लगाए जाने थे, मगर अभी तक कार्यदायी संस्था ने अभी तक इनको नहीं लगाया है। यही वजह रही कि सोमवार को मौका लगते ही रोडवेज का चालक-परिचालक इस रास्ते से बस लेकर गुजरें।