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दसवीं के परिणाम में रोहतक का प्रदेश में सातवां स्थान

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दसवीं बोर्ड परीक्षा में रोहतक का प्रदेश में 7वां नंबर
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- प्रदेश की टॉप टेन सूची में जिले की पांच बेटियों ने बनाई जगह
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक
हरियाणा बोर्ड की ओर से सोमवार को जारी दसवीं कक्षा के परीक्षा परिणाम में रोहतक प्रदेश में सातवें नंबर पर रहा है। जिले का पास प्रतिशत 53.36 रहा। यह पिछले वर्ष से महज 1.46 प्रतिशत अधिक है। इस वर्ष भी परीक्षा परिणाम पिछले वर्ष की तरह 55 प्रतिशत से कम रहा है। इसे लेकर शिक्षा विभाग भी चिंतित है। इस वर्ष विभाग का प्रयास परिणाम बेहतर करने पर ध्यान देने की जरूरत है।

खाना छोड़ा पर पढ़ाई नहीं
परीक्षा परिणाम में प्रदेश में पांचवां स्थान मिला है। प्रयास पहले स्थान का था। इस स्थान को पाने के लिए कड़ी मेहनत की। रोजाना सुबह जल्दी उठकर पढ़ना, स्कूल के बाद घर लौटकर कर पढ़ना आदत में शुमार रहा। दिन में चार से पांच घंटे डेडिकेशन के साथ पढ़ाई के अलावा भाई बहनों से साथ खेलकूद में भी शामिल रही। तनाव बिल्कुल नहीं लिया। एनसीईआरटी की किताबें क्यूरियॉसिटी के साथ पढ़ीं। शब्दों व लाइनों को समझने के लिए उन्हें अंडरलाइन करके पढ़ा। मां व पिता के सड़क हादसे में घायल होने के बाद भी पढ़ाई जारी रखी। चार भाई बहनों में दूसरे नंबर पर हूं। एक टाइम खाना नहीं खाया, मगर पढ़ाई जरूर की। यही वजह रही कि प्रदेश की टॉप टेन सूची में नाम आया।
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योगिता, 494 अंक, सांघी।

दीये की रोशनी में पढ़ कर बनी टॉपर
प्रदेश की टॉप टेन सूची में नाम आया है। यह जानकर अच्छा लगा। परीक्षा को पूरी गंभीरता से लिया। दिन रात पढ़ाई की। गांव में रात को बिजली गुल रहती है। ऐसे में दीये की रोशनी में पढ़ाई की। पिता ट्रांसपोर्ट कंपनी में मुनीम हैं। उनकी तनख्वाह के अलावा थोड़ी सी जमीन है। उसी से खाने लायक अनाज मिल जाता है। दादा बलबीर सिंह की देखरेख में पढ़ाई की। तीन भाई बहनों में सबसे बड़ी होने के कारण घर के काम में भी मां का हाथ बंटाया।
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पूजा, 488 अंक, सांगाहेडा।

पढ़ाई के साथ घर के काम में बंटाया हथ
बोर्ड परीक्षा में साल भर की पढ़ाई का परिणाम मिला। प्रदेश की टॉप टेन सूची में नाम आने से पूरा परिवार खुश है। स्कूल के शिक्षकों के मार्गदर्शन के चलते 96.2 प्रतिशत अंक प्राप्त हुए। पढ़ाई के साथ घर के काम काज में मां का हाथ भी बंटाया। अब सिविल सेवा में चयन पाकर देश सेवा में योगदान देना है।
ज्योति, 481 अंक, काहनौर।
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